UP : लखनऊ के सरोजनीनगर इलाके की ग्राम सभा माती में किसान पिछले दो सालों से भारी परेशानी झेल रहे हैं। गांव में नाले की जल निकासी रुकने की वजह से करीब 150 बीघा खेती की जमीन पर पानी जमा हो गया है। इससे न केवल फसलें बर्बाद ह
UP : लखनऊ के सरोजनीनगर इलाके की ग्राम सभा माती में किसान पिछले दो सालों से भारी परेशानी झेल रहे हैं। गांव में नाले की जल निकासी रुकने की वजह से करीब 150 बीघा खेती की जमीन पर पानी जमा हो गया है। इससे न केवल फसलें बर्बाद हो रही हैं, बल्कि किसानों की कमाई पर भी बुरा असर पड़ा है।
क्यों हो रहा है माती गांव में जलभराव
गांव के किसानों के मुताबिक, इलाके में नाले की सफाई न होने और जल निकासी बाधित होने के कारण यह समस्या पैदा हुई है। पिछले लगभग दो वर्षों से खेतों में लगातार पानी भरा रहता है, जिससे खेती करना मुश्किल हो गया है। इस गंभीर समस्या के समाधान के लिए हाल ही में एक बैठक भी आयोजित की गई है।
किसानों पर क्या पड़ा असर
करीब 150 बीघा कृषि भूमि प्रभावित होने से स्थानीय किसानों की आर्थिक स्थिति खराब हो गई है। खेती-किसानी पूरी तरह प्रभावित है, जिससे लोगों की रोजी-रोटी पर संकट खड़ा हो गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पहले ही अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि फसलों के नुकसान का आकलन कर प्रभावित किसानों को जल्द और पारदर्शी तरीके से सहायता दी जाए।
प्रशासन की भूमिका और जिम्मेदारी
सरोजनीनगर जैसे इलाकों में जल निकासी की समस्या अक्सर देखी जाती है। ऐसी शिकायतों के निपटारे के लिए जिलाधिकारी (DM) और उप-जिलाधिकारी (SDM) मुख्य जिम्मेदार अधिकारी होते हैं। किसानों को उम्मीद है कि बैठक के बाद प्रशासन जल्द ही नाले की सफाई कराएगा और जलभराव से राहत दिलाएगा।
Frequently Asked Questions (FAQs)
माती गांव में कितनी कृषि भूमि जलभराव से प्रभावित है
लखनऊ के सरोजनीनगर क्षेत्र की ग्राम सभा माती में लगभग 150 बीघा कृषि भूमि जलभराव की समस्या से प्रभावित हुई है।
किसानों की समस्या का मुख्य कारण क्या है
गांव में नाले की जल निकासी बाधित होने की वजह से पिछले दो वर्षों से खेतों में पानी भरा हुआ है, जिससे खेती प्रभावित हो रही है।