UP: लखनऊ के होटल शिमला पैलेस में 13 मई, 2026 को एक सामूहिक विवाह समारोह का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में दो जोड़ों ने वैदिक मंत्रोच्चार और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ सात फेरे लेकर अपने वैवाहिक जीवन की शुरुआत की। यह
UP: लखनऊ के होटल शिमला पैलेस में 13 मई, 2026 को एक सामूहिक विवाह समारोह का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में दो जोड़ों ने वैदिक मंत्रोच्चार और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ सात फेरे लेकर अपने वैवाहिक जीवन की शुरुआत की। यह आयोजन सादगी और परंपराओं के संगम के रूप में संपन्न हुआ।
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना क्या है?
उत्तर प्रदेश सरकार समाज कल्याण विभाग के माध्यम से मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना चला रही है। इस योजना का मुख्य मकसद दहेज मुक्त और बाल विवाह मुक्त शादियों को बढ़ावा देना है। इसके तहत आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की बेटियों की शादी के लिए सरकार वित्तीय सहायता प्रदान करती है।
शादी के लिए कितनी आर्थिक मदद मिलती है?
इस योजना के तहत पात्र जोड़ों को कुल एक लाख रुपये की सहायता दी जाती है। इसमें से 60,000 रुपये सीधे दुल्हन के बैंक खाते में भेजे जाते हैं। बाकी 25,000 रुपये गृहस्थी के सामान और उपहारों पर खर्च होते हैं, जबकि 15,000 रुपये आयोजन की व्यवस्था के लिए रखे जाते हैं।
योजना का लाभ लेने के लिए क्या शर्तें हैं?
इस योजना का लाभ उठाने के लिए परिवार की सालाना आय 3 लाख रुपये से कम होनी चाहिए। धोखाधड़ी रोकने के लिए सरकार अब बायोमेट्रिक सत्यापन भी करती है ताकि केवल पात्र लोग ही इसका लाभ ले सकें। जिला समाज कल्याण अधिकारी और स्थानीय जनप्रतिनिधि इन आयोजनों की निगरानी करते हैं।
Frequently Asked Questions (FAQs)
मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना में दुल्हन को कितने पैसे मिलते हैं?
इस योजना के तहत कुल सहायता राशि में से 60,000 रुपये सीधे दुल्हन के बैंक खाते में ट्रांसफर किए जाते हैं।
सामूहिक विवाह योजना के लिए पात्रता क्या है?
इस योजना का लाभ लेने के लिए परिवार की वार्षिक आय 3 लाख रुपये से कम होनी चाहिए और बायोमेट्रिक सत्यापन अनिवार्य है।