Lucknow के माल क्षेत्र में विवाहिता की संदिग्ध मौत, मायके वालों ने लगाया दहेज हत्या का आरोप

Lucknow/Lucknow: लखनऊ के माल क्षेत्र में एक विवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है। इस घटना के बाद मृतका के मायके वालों ने ससुराल पक्ष पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि दहेज के लिए महिला को प्रताड़ित किय

Lucknow/Lucknow: लखनऊ के माल क्षेत्र में एक विवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है। इस घटना के बाद मृतका के मायके वालों ने ससुराल पक्ष पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि दहेज के लिए महिला को प्रताड़ित किया गया और उसकी हत्या करने के बाद शव को फंदे से लटका दिया गया।

इसी बीच दहेज हत्या के मामलों को लेकर इलाहाबाद हाई कोर्ट की लखनऊ खंडपीठ ने एक अहम टिप्पणी की है। कोर्ट ने कहा कि अगर शादी के सात साल के भीतर किसी महिला की असामान्य मौत होती है और मौत से ठीक पहले दहेज की मांग को लेकर क्रूरता साबित हो जाती है, तो इसे दहेज हत्या माना जाएगा। इसके लिए पति या ससुराल वालों का सीधा संबंध बताने वाले प्रत्यक्ष सबूत की जरूरत नहीं होगी। यह बात न्यायमूर्ति अब्दुल मुईन और न्यायमूर्ति प्रमोद कुमार श्रीवास्तव की बेंच ने साल 2010 के एक मामले की सुनवाई के दौरान कही। कोर्ट ने इस मामले में पति संदीप सिंह होरा की दोषसिद्धि बरकरार रखते हुए उसकी उम्रकैद की सजा को घटाकर 10 साल का कठोर कारावास कर दिया है।

लखनऊ में पिछले कुछ समय में इस तरह की कई घटनाएं सामने आई हैं। 5 अगस्त 2026 को पारा के सलेमपुर पतौरा में 25 साल की तैय्यबा खातून की संदिग्ध मौत हुई थी, जहां पुलिस ने एक व्यक्ति को हिरासत में लिया है। वहीं 14 जुलाई को इटौंजा में शादी के पांच महीने बाद एक नवविवाहिता की मौत का मामला दर्ज हुआ, जिसमें सात लोगों के खिलाफ केस दर्ज है। जुलाई की शुरुआत में इंदिरानगर में भी एक महिला का शव फंदे से लटका मिला था और एक अन्य मामले में चार पहिया वाहन की मांग को लेकर पत्नी की हत्या के आरोप में पति को गिरफ्तार किया गया था। मई महीने में सादतगंज इलाके में एक सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर की संदिग्ध मौत के बाद उनके पति और पांच रिश्तेदारों पर मामला दर्ज किया गया था।