Lucknow में LDA का बड़ा एक्शन, 126 संस्थान सील और 161 को नोटिस; अलीगंज अग्निकांड के बाद सख्ती
Lucknow: अलीगंज में हुए दर्दनाक अग्निकांड के बाद लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) ने शहर में नियमों की धज्जियां उड़ाने वाले व्यावसायिक संस्थानों पर शिकंजा कस दिया है। पिछले दो दिनों में चलाए गए इस बड़े अभियान में 126 प्रतिष्ठा
Lucknow: अलीगंज में हुए दर्दनाक अग्निकांड के बाद लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) ने शहर में नियमों की धज्जियां उड़ाने वाले व्यावसायिक संस्थानों पर शिकंजा कस दिया है। पिछले दो दिनों में चलाए गए इस बड़े अभियान में 126 प्रतिष्ठानों को सील किया गया है और 161 को नोटिस जारी किए गए हैं। यह कार्रवाई उन इमारतों के खिलाफ की जा रही है जो सुरक्षा मानकों और बिल्डिंग मैप का पालन नहीं कर रही हैं।
अभियान के पहले दिन 25 जून को गोमती नगर के बड़े कोचिंग सेंटरों जैसे Allen, Aakash और Unacademy को सील किया गया। साथ ही 83 मालिकों और मैनेजरों को कारण बताओ नोटिस दिए गए। दूसरे दिन 26 जून को भी यह कार्रवाई जारी रही, जिसमें गोमती नगर की Bhoomi IAS, Vidya Mandir और Drishtikon Library समेत कृष्णनगर और कानपुर रोड के Kautilya Academy, Disha Computer और Race IAS जैसे संस्थानों को सील किया गया।
| तारीख/विवरण | सील किए गए संस्थान | जारी किए गए नोटिस |
|---|---|---|
| 25 जून 2026 | 71 | 83 |
| 26 जून 2026 | 55 | 78 |
| कुल योग | 126 | 161 |
LDA सचिव Vivek Srivastava ने बताया कि इस अभियान का मकसद सिर्फ अवैध निर्माण पर कार्रवाई करना नहीं, बल्कि शहर में फायर सेफ्टी और बिल्डिंग स्टैंडर्ड्स को सख्ती से लागू करना है। वहीं LDA उपाध्यक्ष Prathamesh Kumar ने साफ किया है कि अब बेसमेंट में कोचिंग सेंटर या नर्सिंग होम चलाने की इजाजत नहीं दी जाएगी।
अलीगंज अग्निकांड के मामले में LDA ने उस अवैध कॉम्प्लेक्स को 7 जुलाई 2026 को गिराने का फैसला किया है जहाँ यह हादसा हुआ था। भवन मालिक को 15 दिन का समय दिया गया है, जिसके बाद उसे ध्वस्त कर दिया जाएगा। इस हादसे में 15 लोगों की जान गई थी, जिसके बाद मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने पूरे प्रदेश में फायर सेफ्टी ऑडिट के निर्देश दिए थे।
इस मामले में बड़ी लापरवाही सामने आई है। अलीगंज वाली बिल्डिंग के खिलाफ 2016 में ही गिराने का आदेश हुआ था, लेकिन दो महीने बाद उसे वापस ले लिया गया। इस वजह से LDA ने 25 वर्तमान और पूर्व अधिकारियों, जिनमें 6 PCS अधिकारी और 19 इंजीनियर शामिल हैं, के खिलाफ सख्त कार्रवाई की सिफारिश की है। मामले की जांच के लिए एक SIT का गठन किया गया है, जिसमें पर्यटन सचिव Amrit Abhijat और ADG Praveen Kumar शामिल हैं।