UP: लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे की हालत खराब, पैच वर्क सुखाने के लिए लगे पंखे; NHAI ने प्रोजेक्ट डायरेक्टर को हटाया
UP: लखनऊ और कानपुर के बीच बना नया एक्सप्रेसवे अपनी बदहाली को लेकर चर्चा में है। महज एक महीने के भीतर ही इस सड़क के कई हिस्से धंसने लगे और दरारें आ गईं। हालत इतनी खराब है कि मरम्मत के लिए किए गए पैच वर्क को जल्दी सुखाने क
UP: लखनऊ और कानपुर के बीच बना नया एक्सप्रेसवे अपनी बदहाली को लेकर चर्चा में है। महज एक महीने के भीतर ही इस सड़क के कई हिस्से धंसने लगे और दरारें आ गईं। हालत इतनी खराब है कि मरम्मत के लिए किए गए पैच वर्क को जल्दी सुखाने के लिए सड़क पर पंखे लगाए गए, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है।
इस एक्सप्रेसवे का उद्घाटन 13 जुलाई 2026 को रक्षा मंत्री Rajnath Singh और नितिन गडकरी ने किया था। करीब 4200 से 4700 करोड़ रुपये की लागत से बने इस प्रोजेक्ट को यूपी का सबसे महंगा एक्सप्रेसवे बताया जा रहा है। लेकिन पहली बारिश ने ही इसकी पोल खोल दी। रिपोर्ट के मुताबिक, उद्घाटन के 18 दिनों के भीतर 84 जगहों पर और 20 दिनों में 8 अन्य स्थानों पर सड़क क्षतिग्रस्त हो गई।
सड़क की इस हालत पर राजनीति भी तेज हो गई है। समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया पर सरकार को घेरते हुए मरम्मत के लिए पंखों के इस्तेमाल पर तंज कसा है। निर्माण एजेंसी PNC इंफ्राटेक का दावा है कि पंखों के इस्तेमाल से मरम्मत का काम तेजी से पूरा होगा। हालांकि, विशेषज्ञों का मानना है कि सड़क की निचली परतों और जल निकासी व्यवस्था में कमी की वजह से यह समस्या आई है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने कड़ा एक्शन लिया है। NHAI ने प्रोजेक्ट डायरेक्टर नकुल प्रकाश वर्मा को हटाकर नवरत्न को नई जिम्मेदारी सौंपी है और पूर्व डायरेक्टर सौरभ चौरसिया को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। साथ ही, एक्सप्रेसवे पर टोल वसूली पर फिलहाल रोक लगा दी गई है।
| मुख्य कार्रवाई | विवरण |
|---|---|
| जांच समिति | IIT खड़गपुर के प्रोफेसर के.एस. रेड्डी की अध्यक्षता में टीम गठित |
| प्रतिबंध | PNC के प्रोजेक्ट मैनेजर और क्षेत्रीय इंजीनियर को 2 साल के लिए प्रतिबंधित किया गया |
| इंजीनियर | परियोजना से जुड़े तीन इंजीनियरों को हटाया गया |
| लागत | तत्काल मरम्मत का खर्च करीब 3 करोड़ रुपये |
| टोल | अगले आदेश तक टोल वसूली बंद, नुकसान की भरपाई एजेंसी करेगी |