Lucknow की 98 हाईराइज बिल्डिंग्स में लगेगा PNG कनेक्शन, 20 हजार फ्लैट्स होंगे कनेक्ट
Lucknow: लखनऊ के रहने वालों के लिए एक बड़ी खबर है। शहर की 98 हाईराइज बिल्डिंग्स के करीब 20 हजार फ्लैट्स को अब Piped Natural Gas (PNG) नेटवर्क से जोड़ा जाएगा। इस पहल का मकसद लोगों की LPG सिलेंडर पर निर्भरता को कम करना है,
Lucknow: लखनऊ के रहने वालों के लिए एक बड़ी खबर है। शहर की 98 हाईराइज बिल्डिंग्स के करीब 20 हजार फ्लैट्स को अब Piped Natural Gas (PNG) नेटवर्क से जोड़ा जाएगा। इस पहल का मकसद लोगों की LPG सिलेंडर पर निर्भरता को कम करना है, जिसकी जिम्मेदारी Green Gas Limited (GGL) संभाल रही है।
सरकार और पेट्रोलियम मंत्रालय ने मार्च 2026 से यह नियम बनाया है कि जिन इलाकों में PNG नेटवर्क उपलब्ध है, वहां के घरों को सिलेंडर छोड़कर पाइप वाली गैस अपनानी होगी। इसके लिए CGD कंपनी रजिस्टर्ड पोस्ट के जरिए नोटिस भेजेगी, जिसके बाद लोगों के पास कनेक्शन लेने के लिए 90 दिनों का समय होगा। अगर इस समय सीमा में आवेदन नहीं किया गया, तो LPG सिलेंडर की सप्लाई बंद कर दी जाएगी।
Green Gas Limited ने साफ किया है कि PNG कनेक्शन का स्टैंडर्ड चार्ज 6,000 रुपये है। किसी भी बिल्डर या तीसरे पक्ष द्वारा इससे ज्यादा पैसे लेना गलत है। हाल ही में सुशांत गोल्फ सिटी के निवासियों ने ज्यादा पैसे वसूले जाने की शिकायत की थी, जिसके बाद जिला प्रशासन ने दखल दिया। साथ ही, अब हाउसिंग सोसायटियां बिना किसी ठोस तकनीकी कारण के PNG इंस्टॉलेशन को नहीं रोक सकतीं। आवेदन मिलने के तीन कार्य दिवसों के भीतर मंजूरी देना जरूरी है, वरना इसे ऑटोमैटिक अप्रूव माना जाएगा।
| मुख्य विवरण | जानकारी |
|---|---|
| कुल टारगेट बिल्डिंग्स | 98 हाईराइज अपार्टमेंट्स |
| कुल कनेक्ट होने वाले फ्लैट्स | लगभग 20,000 |
| कनेक्शन शुल्क | 6,000 रुपये |
| ट्रांजिशन समय सीमा | नोटिस के बाद 90 दिन |
| लक्ष्य तिथि | दिसंबर 2026 तक LPG-मुक्त अपार्टमेंट्स |
| मासिक लक्ष्य | 6,000 नए कनेक्शन प्रति माह |
तेल कंपनियों ने 10 जून 2026 को 95 अपार्टमेंट्स को अल्टीमेटम दिया है कि वे जल्द से जल्द PNG कनेक्शन लें। कंपनी का लक्ष्य लखनऊ और आगरा में अगले तीन महीनों में 25 हजार और एक साल के भीतर 1 लाख नए कनेक्शन जोड़ना है। हालांकि, अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया है कि फिलहाल LPG सिलेंडर को तुरंत सरेंडर करने का कोई दबाव नहीं है, लोग अपनी मर्जी से वेबसाइट के जरिए इसे सरेंडर कर सकते हैं।