Lucknow में हाई-प्रोफाइल सेक्स रैकेट का भंडाफोड़, उज्बेकिस्तान की नागरिक लोला गिरफ्तार; प्लास्टिक सर्जरी कराकर बदल रही थी पहचान
Lucknow: राजधानी लखनऊ में पुलिस और खुफिया एजेंसी इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) ने एक बड़े अंतरराष्ट्रीय सेक्स रैकेट का पर्दाफाश किया है। इस रैकेट को चलाने वाली उज्बेकिस्तान की नागरिक लोला कायूमोवा को 12 अगस्त, 2026 को गिरफ्तार
Lucknow: राजधानी लखनऊ में पुलिस और खुफिया एजेंसी इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) ने एक बड़े अंतरराष्ट्रीय सेक्स रैकेट का पर्दाफाश किया है। इस रैकेट को चलाने वाली उज्बेकिस्तान की नागरिक लोला कायूमोवा को 12 अगस्त, 2026 को गिरफ्तार किया गया। लोला पिछले एक साल से पुलिस की पकड़ से दूर थी और सुशांत गोल्फ सिटी के ओमेक्स आर-2 अपार्टमेंट में छिपी हुई थी।
लोला कायूमोवा 49 साल की है और इस पूरे नेटवर्क की मास्टरमाइंड बताई जा रही है। उस पर आरोप है कि वह उज्बेकिस्तान और नेपाल से महिलाओं को अवैध तरीके से भारत लाती थी और लखनऊ के पॉश इलाकों के फ्लैटों में उनसे देह व्यापार कराती थी। गिरफ्तारी से बचने और खुद को जवान दिखाने के लिए उसने कथित तौर पर सात बार प्लास्टिक सर्जरी करवाई थी। वह फर्जी शादी के सर्टिफिकेट के जरिए भारतीय पहचान पत्र भी बनवा रही थी।
इस मामले में गोमती नगर के पत्रकारपुरम और अहिमामऊ में क्लीनिक चलाने वाले प्लास्टिक सर्जन डॉ. विवेक गुप्ता की भूमिका की भी जांच की जा रही है। आरोप है कि उन्होंने ही लोला और अन्य विदेशी महिलाओं की पहचान बदलने के लिए सर्जरी की थी। इससे पहले जून 2025 में पुलिस ने होलिडा और नीलोफर नाम की दो अन्य विदेशी महिलाओं को फर्जी दस्तावेजों के साथ गिरफ्तार किया था, जिसके बाद से लोला फरार चल रही थी।
डीसीपी साउथ मोहम्मद मुस्तफा ने बताया कि लोला को अवैध रूप से भारत में रहने और अंतरराष्ट्रीय संबंधों के कारण जांच के लिए खुफिया एजेंसियों को सौंप दिया गया है। एसीपी गोसाईंगंज ऋषभ यादव ने कहा कि लोला से पूछताछ की जा रही है ताकि इस रैकेट में मदद करने वाले स्थानीय लोगों और पूरे नेटवर्क का पता लगाया जा सके। उज्बेकिस्तान में भी उसके खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी है।