UP : लखनऊ के फैजुल्लागंज इलाके में भीषण गर्मी और लगातार हो रही बिजली कटौती से लोग बेहद परेशान हैं। हालात इतने बिगड़ गए कि श्याम विहार कॉलोनी के निवासियों ने रात में सड़क पर उतरकर प्रदर्शन किया। बिजली न होने की वजह से लोग
UP : लखनऊ के फैजुल्लागंज इलाके में भीषण गर्मी और लगातार हो रही बिजली कटौती से लोग बेहद परेशान हैं। हालात इतने बिगड़ गए कि श्याम विहार कॉलोनी के निवासियों ने रात में सड़क पर उतरकर प्रदर्शन किया। बिजली न होने की वजह से लोगों को पानी की किल्लत का सामना करना पड़ रहा है, जिससे स्थानीय लोगों का गुस्सा फूट पड़ा।
बिजली संकट की वजह और प्रशासन की कार्रवाई क्या है?
LESA के अधिकारियों के मुताबिक, तापमान में अचानक बढ़ोतरी की वजह से 630 kVA का ट्रांसफार्मर ओवरलोड हो गया, जिससे बार-बार ट्रिपिंग हुई। पिछले दो महीनों में इलेक्ट्रिक गाड़ियों की चार्जिंग और इंडक्शन जैसे उपकरणों के बढ़ते इस्तेमाल से बिजली का लोड दोगुना हो गया है। इस तनाव को देखते हुए प्रशासन ने लखनऊ के 31 बिजली सब-स्टेशनों को ‘अति संवेदनशील’ घोषित किया है और वहां PAC जवानों की तैनाती की गई है ताकि कर्मचारियों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
प्रदर्शन के दौरान क्या हुआ और क्या कदम उठाए गए?
बिजली कटौती के विरोध में रायबरेली रोड और उट्रेठिया अंडरपास के पास प्रदर्शन हुआ, जिसके बाद पुलिस ने सड़क जाम करने के आरोप में करीब 150 अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है। इसी बीच एक दुखद घटना में फैजुल्लागंज सब-स्टेशन पर काम कर रहे कॉन्ट्रैक्ट लाइनमैन उदय राज की 11,000 वोल्ट की लाइन से करंट लगने के कारण मौत हो गई। स्थिति को संभालने के लिए MVVNL ने जुलाई तक सभी अधिकारियों और कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द कर दी हैं।
आने वाले समय में क्या सुधार होंगे?
विधायक डॉ. नीरज बोरा ने ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा को इस समस्या के बारे में पत्र लिखा था। इसके बाद LESA के इंजीनियरों ने नए केबल बिछाने और अतिरिक्त ट्रांसफार्मर लगाने का भरोसा दिया है। अब मध्यंचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (MVVNL) के चीफ इंजीनियर और डायरेक्टर रात 9 बजे से सुबह 6 बजे तक खुद पावर सिस्टम की निगरानी करेंगे ताकि लोगों को बिजली की निरंतर आपूर्ति मिल सके।
Frequently Asked Questions (FAQs)
लखनऊ में बिजली कटौती का मुख्य कारण क्या बताया गया है?
LESA के अनुसार, भीषण गर्मी की वजह से बिजली की मांग बढ़ गई और ट्रांसफार्मर ओवरलोड हो गए। साथ ही EV चार्जिंग और इंडक्शन के इस्तेमाल से लोड दोगुना होने के कारण यह समस्या आई।
बिजली सब-स्टेशनों की सुरक्षा के लिए क्या इंतजाम किए गए हैं?
प्रशासन ने लखनऊ के 31 सब-स्टेशनों को संवेदनशील घोषित किया है और वहां PAC जवानों की तैनाती की गई है ताकि कर्मचारियों पर हमले न हों।