UP : लखनऊ नगर निगम इस बार स्वच्छता सर्वेक्षण 2026 में नंबर एक स्थान पाने की कोशिश में जुटा है। शहर को पूरी तरह साफ बनाने के लिए मेयर सुषमा खर्कवाल और नगर आयुक्त गौरव कुमार ने तैयारियां तेज कर दी हैं। हालांकि, इस लक्ष्य क
UP : लखनऊ नगर निगम इस बार स्वच्छता सर्वेक्षण 2026 में नंबर एक स्थान पाने की कोशिश में जुटा है। शहर को पूरी तरह साफ बनाने के लिए मेयर सुषमा खर्कवाल और नगर आयुक्त गौरव कुमार ने तैयारियां तेज कर दी हैं। हालांकि, इस लक्ष्य को पाने के रास्ते में नगर निगम के सामने चार बड़ी मुश्किलें खड़ी हैं, जिन्हें दूर करना जरूरी है।
स्वच्छता के रास्ते में कौन सी 4 बड़ी चुनौतियां हैं?
सबसे पहली समस्या कूड़े का सही से अलग न होना है। शहर में हर दिन 1300-1400 मीट्रिक टन कूड़ा निकलता है, लेकिन लोग गीला और सूखा कूड़ा अलग नहीं करते, जिससे शिवरी के 600 करोड़ वाले वेस्ट-टू-एनर्जी प्लांट में दिक्कत आ रही है। दूसरी बड़ी चुनौती नालों की सफाई है, जहां निकाली गई गाद सड़कों पर ही छोड़ दी जाती है, जिससे बदबू और ट्रैफिक की समस्या होती है। तीसरी चुनौती अवैध कब्जे और पार्किंग है, खासकर लालबाग और लाल कुआं जैसे इलाकों में। चौथी समस्या डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन में निरंतरता की कमी और लोगों की आदतों को बदलना है।
प्रशासन ने क्या निर्देश दिए हैं और क्या है अपडेट?
शहरी विकास मंत्री A.K. Sharma ने स्कूलों की सफाई, सीवरेज की समस्या को जल्द सुलझाने और अस्पतालों व बड़े होटलों के बाहर से कूड़ा तुरंत हटाने के निर्देश दिए हैं। मेयर सुषमा खर्कवाल ने अधिकारियों को 15 जून तक सभी नालों की सफाई और अतिक्रमण हटाने का अल्टीमेटम दिया है। साथ ही, उन्होंने नागरिकों को सलाह दी है कि अगर उन्होंने हाउस टैक्स के साथ कूड़ा शुल्क दे दिया है, तो वे दोबारा पैसे न दें।
Lucknow की अब तक की रैंकिंग और उपलब्धियां
लखनऊ ने स्वच्छता के मामले में बड़ी छलांग लगाई है। साल 2023 में लखनऊ की नेशनल रैंकिंग 44वीं थी, जो 2024 में सुधरकर तीसरे स्थान पर पहुंच गई। इस उपलब्धि के लिए राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने शहर को सम्मानित भी किया। इसके अलावा, स्वच्छता सर्वेक्षण के लिए लखनऊ में सबसे ज्यादा 5.60 लाख नागरिकों ने अपनी राय देकर फीडबैक दिया है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
लखनऊ में कूड़ा उठाने के पैसे दो बार क्यों मांगे जा रहे हैं?
कुछ जगहों पर डबल चार्जिंग की शिकायतें मिली हैं। मेयर सुषमा खर्कवाल ने साफ कहा है कि जिन लोगों ने हाउस टैक्स के साथ कूड़ा शुल्क जमा कर दिया है, उन्हें दोबारा भुगतान करने की जरूरत नहीं है।
नालों की सफाई की डेडलाइन क्या है?
मेयर ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं कि मानसून से पहले 15 जून 2026 तक शहर के सभी नालों की सफाई और अतिक्रमण हटाने का काम पूरा कर लिया जाए।