Lucknow में ‘मीरा: एक दर्पण’ नाटक का मंचन, BNA की कार्यशाला में दिखी मीरा की भक्ति और संघर्ष

Lucknow: राजधानी लखनऊ की भारतेन्दु नाट्य अकादमी (BNA) में ग्रीष्मकालीन युवा रंग कार्यशाला के दौरान ‘मीरा: एक दर्पण’ नाटक का मंचन किया गया। इस नाटक के जरिए संत कवयित्री मीरा के जीवन, उनकी भक्ति और समाज के साथ

Lucknow: राजधानी लखनऊ की भारतेन्दु नाट्य अकादमी (BNA) में ग्रीष्मकालीन युवा रंग कार्यशाला के दौरान ‘मीरा: एक दर्पण’ नाटक का मंचन किया गया। इस नाटक के जरिए संत कवयित्री मीरा के जीवन, उनकी भक्ति और समाज के साथ उनके संघर्ष को मंच पर उतारा गया। कार्यक्रम में युवाओं ने अपनी कला के जरिए मीरा की सामाजिक चेतना को जीवंत किया।

इस नाटक का निर्देशन और मंच परिकल्पना प्रसिद्ध रंगकर्मी ज्योति नारायण नाथ ने की थी। नाटक में मीरा के जीवन के उन पहलुओं को दिखाया गया जहाँ उन्होंने भक्ति के मार्ग को चुना और सामाजिक बंधनों का सामना किया। यह प्रस्तुति BNA की उस विशेष कार्यशाला का हिस्सा थी जहाँ युवाओं को अभिनय और थिएटर की बारीकियां सिखाई जा रही हैं।

जानकारी के मुताबिक, भारतेन्दु नाट्य अकादमी में 1 जून से 30 जून तक अभिनय कार्यशालाएं चल रही हैं। इसमें 8 से 16 साल के बच्चों और 17 से 35 साल के युवाओं को ट्रेनिंग दी जा रही है। इसी ट्रेनिंग के बाद प्रतिभागियों द्वारा तैयार किए गए नाटकों का मंचन किया जाता है, जिसमें 19 जून को ‘मीरा: एक दर्पण’ का प्रदर्शन हुआ।

BNA उत्तर प्रदेश सरकार के संस्कृति विभाग से सहायता प्राप्त एक प्रमुख संस्थान है, जो अभिनय, निर्देशन और डिजाइनिंग जैसे क्षेत्रों में प्रोफेशनल ट्रेनिंग देता है। इसके साथ ही अकादमी में मास्टर इन ड्रामेटिक आर्ट्स कोर्स के लिए अंतिम चयन की प्रक्रिया भी 18 से 21 जून के बीच आयोजित की गई।