Lucknow में भाजपा पार्षद को जान का खतरा, मनकामेश्वर मंदिर के प्रवेश द्वार को ढंकने की कोशिश का आरोप
Lucknow: लखनऊ के मनकामेश्वर मंदिर के प्रवेश द्वार पर डिस्प्ले बोर्ड लगाकर उसे ढंकने की कोशिश के बाद विवाद खड़ा हो गया है। भाजपा पार्षद Ranjit Singh ने इस घटना के बाद अपनी जान को खतरा बताया है और मामले की उच्च स्तरीय जांच
Lucknow: लखनऊ के मनकामेश्वर मंदिर के प्रवेश द्वार पर डिस्प्ले बोर्ड लगाकर उसे ढंकने की कोशिश के बाद विवाद खड़ा हो गया है। भाजपा पार्षद Ranjit Singh ने इस घटना के बाद अपनी जान को खतरा बताया है और मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। उनका आरोप है कि धार्मिक प्रतीकों और जनप्रतिनिधियों के नामों को जानबूझकर निशाना बनाया जा रहा है।
यह पूरा मामला सावन के महीने में सामने आया है। पार्षद का कहना है कि 4 दिनों के भीतर दो बार मंदिर के प्रवेश द्वार को ढंकने का प्रयास किया गया। पहली बार एक लाइटिंग डिस्प्ले बोर्ड लगाया गया जिससे भगवान गणेश की प्रतिमा और नाम की पट्टिका छिप गई थी। इसकी शिकायत के बाद हसनगंज पुलिस और नगर निगम के मुख्य अभियंता ने इसे हटवाया था। लेकिन अगले ही दिन एयरटेल का डिस्प्ले बोर्ड लगाकर फिर से डॉ. दिनेश शर्मा और रणजीत सिंह के नाम की पट्टिका को ढंकने की कोशिश की गई, जिसे विरोध के बाद हटाया गया।
पार्षद Ranjit Singh ने इस गंभीर मामले में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, रक्षा मंत्री Rajnath Singh, उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक, विधायक डॉ. नीरज बोरा और भाजपा महानगर अध्यक्ष आनंद द्विवेदी से हस्तक्षेप करने की अपील की है। उन्होंने आशंका जताई कि जो लोग गणेश जी की प्रतिमा और उनके नाम को हटाने की कोशिश कर रहे हैं, वे उनकी हत्या भी करवा सकते हैं। इस संबंध में पार्षद ने मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी अपनी शिकायत दर्ज कराई है।
बता दें कि यह प्रवेश द्वार पूर्व मेयर डॉ. दिनेश शर्मा की पहल पर नगर निगम ने बनवाया था, जिस पर भगवान गणेश की प्रतिमा और डॉ. दिनेश शर्मा व रणजीत सिंह के नाम की पट्टिका लगाई गई थी।