Lucknow में Bank of Baroda FD घोटाले पर हंगामा, तीसरे दिन भी प्रदर्शन कर रहे खाताधारक
Lucknow: राजधानी के मोहन रोड स्थित शकुंतला मिश्रा यूनिवर्सिटी परिसर के Bank of Baroda में एफडी घोटाले को लेकर हंगामा थम नहीं रहा है। अपनी जमा पूंजी वापस पाने के लिए पीड़ित खाताधारक लगातार तीसरे दिन भी बैंक के बाहर प्रदर्
Lucknow: राजधानी के मोहन रोड स्थित शकुंतला मिश्रा यूनिवर्सिटी परिसर के Bank of Baroda में एफडी घोटाले को लेकर हंगामा थम नहीं रहा है। अपनी जमा पूंजी वापस पाने के लिए पीड़ित खाताधारक लगातार तीसरे दिन भी बैंक के बाहर प्रदर्शन कर रहे हैं। लोगों का आरोप है कि बैंक के भरोसे निवेश किए गए उनके लाखों रुपये हड़प लिए गए और अब उन्हें सही जवाब नहीं मिल रहा है।
मामला बैंक मित्र Shiva Rao और उसके सहयोगी Deepak से जुड़ा है। आरोप है कि इन दोनों ने लोगों को ज्यादा ब्याज का लालच देकर एफडी के नाम पर पैसे जमा कराए थे। बाद में पता चला कि कोई वैध एफडी हुई ही नहीं थी। कुछ पीड़ितों ने बताया कि उनके अंगूठे के निशान और जाली चेक का इस्तेमाल कर पैसे निकाले गए।
प्रदर्शनकारियों ने 22 जून को बैंक के क्षेत्रीय कार्यालय में विरोध शुरू किया था क्योंकि 22 मई को मिले आश्वासन के बाद भी पैसा वापस नहीं आया। 23 जून को गुस्साए लोगों ने बैंक के मुख्य गेट पर ताला लगा दिया और कामकाज रोक दिया। हालांकि, चीफ मैनेजर R.K. Sinha ने 24 घंटे में कार्रवाई का भरोसा दिया था, लेकिन संतोषजनक जवाब न मिलने से लोग फिर सड़क पर उतर आए।
| मुख्य विवरण | जानकारी |
|---|---|
| कुल पीड़ित | 130 खाताधारक |
| वापस मिली राशि | 72 लोगों को लगभग 2.5 करोड़ रुपये मिले |
| मुख्य आरोपी | Shiva Rao (बैंक मित्र) और Deepak |
| अन्य गिरफ्तार | Vikas Kumar, Kara Nirmala और Bhagyawati Rao |
| बैंक अधिकारी पर कार्रवाई | मैनेजर Himanshu Kukreti के खिलाफ चार्जशीट दाखिल |
| संदिग्ध लेनदेन | आरोपियों के खातों में 12 करोड़ से ज्यादा का लेनदेन |
पुलिस इस मामले में गहराई से जांच कर रही है। 16 जनवरी 2026 को राम सिंह यादव और अन्य ग्रामीणों की शिकायत पर केस दर्ज हुआ था। पुलिस को शक है कि इतनी बड़ी धोखाधड़ी बैंक के अंदरूनी लोगों की मिलीभगत के बिना संभव नहीं थी। साथ ही, 25 नवंबर 2025 को बैंक शाखा में लगी आग की घटना की भी जांच हो रही है, क्योंकि संदेह है कि सबूत मिटाने के लिए आग लगाई गई थी।