Lucknow के बंदी माता मंदिर में 44वां वार्षिक उत्सव, चौथे दिन गूंजी श्रीकृष्ण जन्मोत्सव और सीता स्वयंवर की कथा

Lucknow/Daliganj : लखनऊ के डालीगंज इलाके में स्थित प्राचीन बंदी माता मंदिर में 44वें वार्षिक उत्सव की धूम है। 30 जुलाई 2026 को महोत्सव के चौथे दिन पूरा माहौल भक्तिमय रहा, जहां श्रद्धालुओं ने बड़ी संख्या में जुटकर श्रीमद्

Lucknow/Daliganj : लखनऊ के डालीगंज इलाके में स्थित प्राचीन बंदी माता मंदिर में 44वें वार्षिक उत्सव की धूम है। 30 जुलाई 2026 को महोत्सव के चौथे दिन पूरा माहौल भक्तिमय रहा, जहां श्रद्धालुओं ने बड़ी संख्या में जुटकर श्रीमद्भागवत कथा और रासलीला का आनंद लिया। इस खास मौके पर सीता स्वयंवर और श्रीकृष्ण जन्मोत्सव की कथा सुनाई गई, जिसे सुनकर भक्त भावविभोर हो गए।

यह सात दिवसीय धार्मिक आयोजन 27 जुलाई 2026 को एक भव्य कलश शोभायात्रा के साथ शुरू हुआ था, जो अब 2 अगस्त 2026 तक चलेगा। इस उत्सव का आयोजन बंदी माता अखाड़ा समिति की श्री महंत देवेन्द्रपुरी सेवा ट्रस्ट डालीगंज द्वारा किया जा रहा है। शोभायात्रा का नेतृत्व दशनाम जूना अखाड़ा के अंतरराष्ट्रीय उपाध्यक्ष महंत देवेंद्र पुरी जी महाराज ने किया था, जबकि भाजपा लखनऊ महानगर के महामंत्री घनश्याम दास अग्रवाल ने नारियल फोड़कर इसका विधिवत शुभारंभ किया था।

महोत्सव के दौरान सप्तचंडी महायज्ञ, भजन संध्या, रासलीला और संत सम्मेलन जैसे कई सांस्कृतिक और धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इस आयोजन में महंत मनोहर पुरी जी महाराज और महंत पूजा पुरी जी महाराज सहित कई प्रमुख संत शामिल हैं। साथ ही पूर्व पार्षद रेखा रोशनी, उदय सिंह, विष्णु तिवारी, सुनील पटेल, सुशांत वर्मा, कृपा शंकर वर्मा, मुकेश चौरसिया, विशाल वाल्मीकि, जय सिंह और भाजपा मीडिया प्रभारी अनुराग साहू जैसे सामाजिक कार्यकर्ता भी मौजूद रहे।

बता दें कि उत्सव के पहले दिन करीब तीन किलोमीटर लंबी कलश यात्रा निकाली गई थी, जिसमें सैकड़ों महिलाओं ने सिर पर कलश रखकर हिस्सा लिया था। कार्यक्रम के आखिरी दिन मानस सम्मेलन होगा, जहां गोमती नदी को साफ रखने में मदद करने वाले स्वयंसेवकों को सम्मानित किया जाएगा।