World : कुवैत और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया है। कुवैत की सेना ने बताया कि पिछले 24 घंटों में ईरान की तरफ से 7 ड्रोन हमले किए गए। इन ड्रोनों ने कुवैत नेशनल गार्ड के जरूरी ठिकानों को निशाना बनाया, जिससे वहां काफी
World : कुवैत और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया है। कुवैत की सेना ने बताया कि पिछले 24 घंटों में ईरान की तरफ से 7 ड्रोन हमले किए गए। इन ड्रोनों ने कुवैत नेशनल गार्ड के जरूरी ठिकानों को निशाना बनाया, जिससे वहां काफी नुकसान हुआ है और कई कर्मचारी घायल हो गए हैं।
हमला कैसे हुआ और क्या नुकसान हुआ
कुवैत के रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता कर्नल Saud Al-Atwan ने बताया कि 9 अप्रैल की शाम और 10 अप्रैल को उनके एयर डिफेंस सिस्टम ने 7 दुश्मन ड्रोनों को पकड़ा और उन्हें मार गिराया। इस हमले में नेशनल गार्ड की कई इमारतों को काफी नुकसान पहुंचा है। कुछ जवान ड्यूटी के दौरान घायल हुए, जबकि कुछ लोग ड्रोन हमले से लगी आग को बुझाने के दौरान जख्मी हुए। फिलहाल सभी घायलों का इलाज चल रहा है और उनकी हालत स्थिर है।
कुवैत और ईरान का इस पर क्या कहना है
कुवैत के विदेश मंत्रालय ने इस हमले की कड़ी निंदा की है। उन्होंने सीधे तौर पर ईरान और उसके समर्थित मिलिशिया समूहों को इसका जिम्मेदार ठहराया है। कुवैत ने इसे अंतरराष्ट्रीय कानून और अपनी संप्रभुता का उल्लंघन बताया है। वहीं दूसरी तरफ, ईरान की Revolutionary Guard Corps (IRGC) ने इन आरोपों को खारिज कर दिया है। ईरान का कहना है कि उन्होंने किसी भी खाड़ी देश पर हमला नहीं किया और अगर ऐसा होता तो वे खुद आधिकारिक बयान जारी करते।
तनाव बढ़ने की बड़ी वजह क्या है
- यह हमला ऐसे समय में हुआ जब अमेरिका और ईरान के बीच युद्धविराम की स्थिति थी।
- पाकिस्तान में अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत होने वाली थी।
- कुवैत ने सऊदी अरब के एनर्जी प्लांट पर हुए ईरानी हमलों की भी निंदा की है।
- कुवैत ने संयुक्त राष्ट्र चार्टर के अनुच्छेद 51 के तहत अपनी रक्षा करने के अधिकार की बात कही है।