Venezuela में भारतीय नाविक के शरीर से अंग निकालने का आरोप, भारत सरकार कराएगी जांच
UP/Deoria: उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले के रहने वाले एक भारतीय नाविक राकेश चौहान की वेनेजुएला में मौत के बाद एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। परिवार का आरोप है कि भारत भेजने से पहले उनके शरीर से कई जरूरी अंग निकाल लिए
UP/Deoria: उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले के रहने वाले एक भारतीय नाविक राकेश चौहान की वेनेजुएला में मौत के बाद एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। परिवार का आरोप है कि भारत भेजने से पहले उनके शरीर से कई जरूरी अंग निकाल लिए गए। अब इस मामले में भारतीय दूतावास ने वेनेजुएला सरकार से पूरी जांच की मांग की है।
33 साल के राकेश चौहान की मौत 7 मई 2026 को वेनेजुएला के फाल्कन स्टेट के पुंटो फिक्सो में हुई थी। उनकी पत्नी रंजना चौहान ने आरोप लगाया कि उनके पति की हत्या की गई और शव को भारत भेजने से पहले उनके अंगों को निकाल लिया गया। उन्होंने यह भी कहा कि जिस कंपनी में राकेश काम करते थे, उन्होंने मौत की सही वजह नहीं बताई।
जब राकेश का शव भारत आया, तो जिला मजिस्ट्रेट के आदेश पर दोबारा पोस्टमार्टम कराया गया। भारत में हुई इस जांच में डॉक्टरों ने पाया कि शरीर में एक भी अंग नहीं बचा था। रिपोर्ट के मुताबिक शरीर से दिमाग, दिल, दोनों फेफड़े, किडनी, लिवर, तिल्ली, अग्न्याशय, पेट, आंतें और गले के हिस्से गायब थे। डॉक्टरों ने बताया कि अंगों के न होने की वजह से मौत का असली कारण पता नहीं चल पाया। शरीर पर गर्दन से लेकर नीचे तक 60 सेंटीमीटर का गहरा कट और सिर के पीछे 20 सेंटीमीटर का चीरा पाया गया।
इस घटना के बाद Forward Seamen’s Union of India (FSUI) ने भी कड़ा विरोध जताया है। यूनियन ने सवाल उठाया है कि परिवार की मर्जी के बिना अंग क्यों निकाले गए और वेनेजुएला की पोस्टमार्टम रिपोर्ट क्यों नहीं दी गई। उन्होंने विदेश मंत्रालय और भारतीय दूतावास से इस मामले में दखल देने और दोषियों की जवाबदेही तय करने की मांग की है।
कारकास स्थित भारतीय दूतावास ने इस मामले को गंभीरता से लिया है और वेनेजुएला के अधिकारियों से शव के साथ हुई इस छेड़छाड़ की गहन जांच करने को कहा है। दूतावास ने साफ किया है कि वह घटना सामने आने के बाद से ही लगातार इस मामले का पीछा कर रहा है।