Delhi: भारत की साइंस टीचर Soma Mandal ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का नाम रोशन किया है। उन्हें South Asia क्षेत्र के लिए 2026 Cambridge Dedicated Teacher Awards का रीजनल विनर चुना गया है। Cambridge University Press &
Delhi: भारत की साइंस टीचर Soma Mandal ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का नाम रोशन किया है। उन्हें South Asia क्षेत्र के लिए 2026 Cambridge Dedicated Teacher Awards का रीजनल विनर चुना गया है। Cambridge University Press & Assessment के इंटरनेशनल एजुकेशन ग्रुप ने 6 मई 2026 को इस बात की घोषणा की।
Soma Mandal को यह सम्मान क्यों मिला?
जजों ने Soma Mandal को उनके खास समर्पण के लिए चुना है। उन्होंने अपने छात्रों को जलवायु परिवर्तन (Climate Change) के खिलाफ दुनिया भर में चल रही लड़ाई में शामिल होने और उन्हें सशक्त बनाने के लिए प्रेरित किया। यह अवॉर्ड उन शिक्षकों को दिया जाता है जो बच्चों को क्लासरूम के बाहर की दुनिया के लिए तैयार करते हैं और समावेशी शिक्षा को बढ़ावा देते हैं।
कितने लोगों ने आवेदन किया और क्या है चयन प्रक्रिया?
इस अवॉर्ड के लिए दुनिया भर से 12,000 से ज्यादा नामांकन आए थे। इनमें से नौ अलग-अलग क्षेत्रों से 10-10 शिक्षकों को शॉर्टलिस्ट किया गया। नामांकन की प्रक्रिया 20 फरवरी 2026 को बंद हुई थी, जिसमें छात्र, माता-पिता या अन्य शिक्षक किसी भी टीचर का नाम भेज सकते थे। अब जनता को ग्लोबल विनर चुनने के लिए वोट करने का मौका मिलेगा।
विजेताओं को क्या इनाम मिलेगा?
रीजनल विनर चुने जाने के बाद Soma Mandal का नाम Cambridge University Press & Assessment की नई इंटरनेशनल एजुकेशन टेक्स्टबुक्स के एक खास थैंक-यू पेज पर छपेगा। इसके साथ ही उन्हें अपनी पसंद की किताबों का एक पूरा क्लास सेट भी दिया जाएगा। इंटरनेशनल एजुकेशन के ग्रुप मैनेजिंग डायरेक्टर Rod Smith ने कहा कि तकनीक के दौर में भी शिक्षकों की भूमिका बहुत अहम है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
Cambridge Dedicated Teacher Awards क्या है?
यह अवॉर्ड Cambridge University Press & Assessment द्वारा दिया जाता है। इसका मकसद उन शिक्षकों को सम्मानित करना है जो जलवायु परिवर्तन, समावेशी शिक्षा और छात्रों के सर्वांगीण विकास के लिए असाधारण काम करते हैं।
Soma Mandal को किस क्षेत्र में मान्यता मिली है?
Soma Mandal को South Asia क्षेत्र का रीजनल विनर चुना गया है। उन्हें मुख्य रूप से छात्रों को जलवायु परिवर्तन की वैश्विक लड़ाई के लिए तैयार करने और सशक्त बनाने के लिए यह सम्मान मिला है।