India में मौसम के बिगड़ने की बड़ी वजह इंसान, IIT-Delhi की स्टडी में हुआ खुलासा

Delhi: भारत में अचानक होने वाली भारी बारिश और मौसम के बदलते मिजाज के पीछे इंसानी गतिविधियां जिम्मेदार हैं। IIT-Delhi के सेंटर फॉर एटमॉस्फेरिक साइंसेज ने एक रिसर्च में बताया है कि इंसानों की वजह से ही देश में ‘वाइल्

Delhi: भारत में अचानक होने वाली भारी बारिश और मौसम के बदलते मिजाज के पीछे इंसानी गतिविधियां जिम्मेदार हैं। IIT-Delhi के सेंटर फॉर एटमॉस्फेरिक साइंसेज ने एक रिसर्च में बताया है कि इंसानों की वजह से ही देश में ‘वाइल्ड’ वेदर यानी चरम मौसम की घटनाएं बढ़ रही हैं। यह स्टडी Environmental Research Letters जर्नल में छपी है।

इस रिसर्च के लिए 1905 से 2014 तक के बारिश के आंकड़ों का विश्लेषण किया गया। स्टडी के मुख्य लेखक और PhD छात्र T.S. Chaithra ने कहा कि अब पुराने समय के बारिश के आंकड़ों के भरोसे भविष्य का अंदाजा लगाना सही नहीं होगा। उन्होंने चेतावनी दी कि शहरी इलाकों में प्लानिंग करने वाले लोग सिर्फ पुराने डेटा पर निर्भर न रहें क्योंकि गर्मी बढ़ने के कारण जोखिम बढ़ गया है।

रिसर्च में यह बात सामने आई कि पश्चिम मध्य भारत में बहुत ज्यादा बारिश होने की मुख्य वजह ग्रीनहाउस गैसों का बढ़ना है। आसमान में इस वक्त ग्रीनहाउस गैसों और प्रदूषण से पैदा होने वाले एरोसोल्स के बीच एक तरह की जंग चल रही है। प्रदूषण से निकलने वाले एरोसोल्स बारिश को रोकने का काम करते हैं, लेकिन जैसे-जैसे हवा साफ होगी और एरोसोल्स कम होंगे, ग्रीनहाउस गैसों की वजह से भारी बारिश की घटनाएं और ज्यादा बढ़ सकती हैं।

इस स्टडी में IIT-Delhi के साथ Kollam के KSMDB कॉलेज ने भी सहयोग किया है। इसी बीच WMO की एक रिपोर्ट में बताया गया कि एशिया दुनिया के बाकी हिस्सों के मुकाबले ज्यादा तेजी से गर्म हो रहा है, जिससे दक्षिण एशिया में बाढ़ और समुद्र का जलस्तर बढ़ने का खतरा बढ़ गया है।