Finance : दिल्ली के एक युवक ने अपनी 17 लाख रुपये सालाना की शानदार नौकरी छोड़ दी है। IIT Delhi से पढ़े चिराग मदान ने वर्क-लाइफ बैलेंस और मानसिक तनाव के कारण यह बड़ा फैसला लिया। उन्होंने सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर कर प्
Finance : दिल्ली के एक युवक ने अपनी 17 लाख रुपये सालाना की शानदार नौकरी छोड़ दी है। IIT Delhi से पढ़े चिराग मदान ने वर्क-लाइफ बैलेंस और मानसिक तनाव के कारण यह बड़ा फैसला लिया। उन्होंने सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर कर प्राइवेट बैंकिंग सेक्टर में काम करने के अपने मुश्किल अनुभवों को सबके सामने रखा है।
चिराग मदान ने नौकरी क्यों छोड़ी?
चिराग मदान ने बताया कि बैंकिंग सेक्टर में काम का दबाव बहुत ज्यादा था। उन्हें सुबह 9 बजे से शाम 7 बजे तक काम करना पड़ता था और हफ्ते में छह दिन ड्यूटी थी। लंच के लिए सिर्फ 15 मिनट का समय मिलता था और बीमारी की छुट्टी मिलना भी मुश्किल था। वह मानसिक तौर पर बहुत परेशान हो गए थे, इसलिए उन्होंने सुकून को ज्यादा जरूरी माना और इस्तीफा दे दिया।
काम के दौरान किन मुश्किलों का सामना करना पड़ा?
चिराग ने अपने अनुभव में कुछ गंभीर बातें बताई हैं:
- हर महीने 10 करोड़ रुपये तक का सेल्स टारगेट पूरा करने का भारी दबाव था।
- ग्राहकों को गलत तरीके से फाइनेंशियल प्रोडक्ट्स बेचने के लिए मजबूर किया जाता था।
- ULIP जैसे प्रोडक्ट्स बेचने का दबाव था, जिनमें रिटर्न फिक्स्ड डिपॉजिट से भी कम था।
- काम के घंटों की वजह से निजी जीवन और सेहत पर बुरा असर पड़ रहा था।
IIT Delhi और मेंटल हेल्थ पर क्या है स्थिति?
हालांकि बैंक या संस्थान ने इस इस्तीफे पर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है, लेकिन IIT Delhi पहले ही छात्रों की मानसिक सेहत को लेकर अपनी चिंता जता चुका है। 7 अप्रैल 2025 को संस्थान ने कहा था कि वह छात्रों की भलाई और मानसिक स्वास्थ्य के लिए प्रतिबद्ध है। संस्थान ने प्रतियोगी माहौल और दबाव को देखते हुए एक एक्सपर्ट कमेटी बनाने की बात भी कही थी ताकि छात्रों के लिए बेहतर एक्शन प्लान तैयार किया जा सके।