Haryana में बिजली निजीकरण के खिलाफ बड़ा आंदोलन, किसानों और कर्मचारियों ने खोला मोर्चा

Haryana: हरियाणा में बिजली क्षेत्र में होने वाले बदलावों को लेकर अब बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। राज्य सरकार के बिजली वितरण लाइसेंस, अलग Agri DISCOM बनाने और स्मार्ट मीटर लगाने के प्रस्तावों के खिलाफ किसानों, बिजली कर्मचार

Haryana: हरियाणा में बिजली क्षेत्र में होने वाले बदलावों को लेकर अब बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। राज्य सरकार के बिजली वितरण लाइसेंस, अलग Agri DISCOM बनाने और स्मार्ट मीटर लगाने के प्रस्तावों के खिलाफ किसानों, बिजली कर्मचारियों और उपभोक्ता संगठनों ने एक साथ आने का फैसला किया है। मंगलवार, 14 जुलाई 2026 को रोहतक में हुई एक बैठक में ‘हरियाणा इलेक्ट्रिसिटी एम्प्लॉइज एंड कंज्यूमर्स स्ट्रगल फोरम’ का गठन किया गया, जो अब इस मुद्दे पर पूरे राज्य में आंदोलन चलाएगा।

विवाद की मुख्य वजह गुरुग्राम और नूह जिलों में एक निजी कंपनी ‘Eleven Power Private Limited’ को बिजली वितरण का समानांतर लाइसेंस देने की कोशिश है। इस कंपनी के डायरेक्टर सुनील सचदेवा हैं, जो मेदांता के सह-संस्थापक भी हैं। विपक्ष और कर्मचारी संगठनों का कहना है कि यह कदम असल में बिजली क्षेत्र का निजीकरण है। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा और INLD के संपत सिंह ने इस कदम का कड़ा विरोध किया है। उनका कहना है कि सरकार सरकारी संपत्तियों और राजस्व को निजी हाथों में सौंप रही है।

कर्मचारी संगठनों का मानना है कि अगर निजी कंपनियों को लाइसेंस मिला, तो वे केवल उन इलाकों और ग्राहकों को चुनेंगी जहां से ज्यादा कमाई होती है, जिसे ‘चेरी-पिकिंग’ कहा जाता है। इससे सरकारी बिजली कंपनियों पर बोझ बढ़ेगा और गरीब या ग्रामीण इलाकों के उपभोक्ताओं के लिए बिजली महंगी हो सकती है। इसके अलावा, सरकार द्वारा अलग Agri DISCOM बनाने के फैसले को भी निजीकरण का पिछला दरवाजा बताया जा रहा है, ताकि मुनाफे वाले कमर्शियल सेक्टर को अलग कर दिया जाए और खेती-बाड़ी वाले घाटे वाले सेक्टर को अलग रखा जा सके।

राज्य की सरकारी बिजली कंपनियों (DHBVN, UHBVN और HVPN) ने भी Eleven Power Private Ltd. की याचिका पर आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि इससे राजस्व का नुकसान होगा और नौकरियों पर खतरा मंडराएगा। यहां तक कि हरियाणा बिजली नियामक आयोग (HERC) ने भी एक अंतरिम आदेश में कंपनी की वित्तीय क्षमता और ग्राहकों के चयन (cherry-picking) को लेकर चिंता जताई है।