Haryana: एनआईटी कुरुक्षेत्र में बी.टेक द्वितीय वर्ष की छात्रा दीक्षा दुबे का शव उसके हॉस्टल के कमरे में फंदे से लटका मिला। मृतका बिहार के बक्सर की रहने वाली थी। इस घटना के बाद कैंपस में तनाव फैल गया है और छात्रों ने प्रश
Haryana: एनआईटी कुरुक्षेत्र में बी.टेक द्वितीय वर्ष की छात्रा दीक्षा दुबे का शव उसके हॉस्टल के कमरे में फंदे से लटका मिला। मृतका बिहार के बक्सर की रहने वाली थी। इस घटना के बाद कैंपस में तनाव फैल गया है और छात्रों ने प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।
क्या था पूरा मामला और सुसाइड नोट में क्या लिखा था
घटना 16 अप्रैल 2026 की है जब दीक्षा दुबे, जो आर्टिफिशियल एंड डेटा साइंस स्ट्रीम की छात्रा थी, की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हुई। पुलिस को उसकी नोटबुक से एक भावुक संदेश मिला है। इसमें दीक्षा ने लिखा कि वह अपने माता-पिता के लिए कुछ नहीं कर पाई और उनके पैसे बर्बाद कर दिए। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच कर रही है।
परिजनों और छात्रों ने क्या गंभीर आरोप लगाए हैं
दीक्षा के परिवार और साथी छात्रों ने एक प्रोफेसर पर मानसिक दबाव बनाने और प्रताड़ना देने का आरोप लगाया है। कुछ छात्रों का दावा है कि एक प्रोफेसर ने उनसे कहा था कि अगर आत्महत्या करनी है तो कॉलेज के बाहर जाकर करें। छात्रों ने आरोप लगाया कि घटना के बाद प्रशासन और स्वास्थ्य टीम ने संवेदनहीनता दिखाई और शव काफी देर तक फंदे पर लटका रहा।
कैंपस में विरोध प्रदर्शन और पिछले कुछ महीनों का रिकॉर्ड
17 अप्रैल को हजारों छात्रों ने ‘वी वांट जस्टिस’ के नारे लगाते हुए सीबीआई जांच की मांग की। इसके बाद संस्थान के निदेशक प्रोफेसर ब्रह्मजीत ने खेल प्रभारी शाहबुद्दीन के खिलाफ कार्रवाई का भरोसा दिया है। प्रशासन ने 4 मई 2026 तक छुट्टियां घोषित कर दी हैं, जिसे छात्र आंदोलन दबाने की कोशिश बता रहे हैं।
| तारीख |
छात्र का नाम |
निवासी |
| 16 फरवरी |
अंगोद शिवा |
तेलंगाना |
| 31 मार्च/2 अप्रैल |
पवन कुमार |
नूंह |
| 9 अप्रैल |
प्रियांशु शर्मा |
सिरसा |
| 16 अप्रैल |
दीक्षा दुबे |
बक्सर, बिहार |