Haryana में बनेगा 5,000 एकड़ में ‘नमो सिटी’, दिल्ली के व्यापारियों को अपना कारोबार शिफ्ट करने का न्योता

Haryana: दिल्ली के भीड़भाड़ वाले थोक बाजारों से राहत दिलाने के लिए हरियाणा सरकार एक बड़ा प्लान लेकर आई है। राज्य सरकार 5,000 एकड़ में एक आधुनिक कमर्शियल टाउनशिप ‘नमो सिटी’ विकसित करने जा रही है। मुख्यमंत्री न

Haryana: दिल्ली के भीड़भाड़ वाले थोक बाजारों से राहत दिलाने के लिए हरियाणा सरकार एक बड़ा प्लान लेकर आई है। राज्य सरकार 5,000 एकड़ में एक आधुनिक कमर्शियल टाउनशिप ‘नमो सिटी’ विकसित करने जा रही है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने दिल्ली के व्यापारियों को इस नए शहर में आने और निवेश करने का न्योता दिया है ताकि वे अपने कारोबार को बेहतर सुविधाओं के साथ शिफ्ट कर सकें।

29 जून 2026 को हरियाणा भवन, नई दिल्ली में मुख्यमंत्री सैनी ने दिल्ली के 26 व्यापारिक संगठनों के प्रतिनिधियों से मुलाकात की। इस बैठक में इलेक्ट्रॉनिक्स, मार्बल, ड्राई फ्रूट्स और आयरन जैसे सेक्टरों के व्यापारी शामिल थे। मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि हरियाणा में आने वाले व्यापारियों को चौड़ी सड़कें, तेज़ मंजूरी और सिंगल-विंडो क्लीयरेंस जैसी सुविधाएं मिलेंगी। सरकार का लक्ष्य अगले 50 सालों की जरूरतों को ध्यान में रखकर एक वर्ल्ड क्लास कमर्शियल हब बनाना है।

इस पूरी योजना के पीछे केंद्र सरकार का भी बड़ा हाथ है। 16 जून 2026 को केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल की अध्यक्षता में हुई NCR Planning Board की बैठक में रीजनल प्लान-2041 के तहत चार नए ग्रीनफील्ड ‘नमो सिटी’ या ‘नमो नोड्स’ बनाने की मंजूरी दी गई। केंद्र सरकार ने इन चार शहरों के विकास के लिए पांच साल में 5,000 करोड़ रुपये देने का वादा किया है। इन शहरों का चयन एक कॉम्पिटिटिव प्रोसेस के जरिए किया जाएगा और इसकी फाइनल रिपोर्ट 15 अगस्त 2026 तक आने की उम्मीद है।

हरियाणा के उद्योग मंत्री राव नरबीर सिंह ने बताया कि राज्य में कानून व्यवस्था और सड़क नेटवर्क बहुत मजबूत है, जो व्यापार के लिए सबसे जरूरी है। इस पहल का असर दिखना शुरू हो गया है, जहां अमृतसर के ड्राई फ्रूट व्यापारियों ने करीब 280 और लुधियाना के व्यापारियों ने 180 प्लॉट खरीदे हैं।

नमो सिटी के अलावा हरियाणा में अन्य बड़े प्रोजेक्ट्स पर भी काम चल रहा है। इनमें राय के पास मारुति सुजुकी का नया प्लांट, खरखौदा में इलेक्ट्रिक व्हीकल ज़ोन और 600 एकड़ में फैला एक बड़ा हॉर्टिकल्चर मार्केट शामिल है। ये सभी प्रोजेक्ट्स नमो भारत RRTS लाइनों के पास विकसित किए जाएंगे ताकि ट्रांसपोर्टेशन आसान हो सके।