UP : गाजियाबाद में 17 साल के सूर्या चौहान की हत्या के मामले में बड़ी कार्रवाई हुई है। जिला प्रशासन ने मुख्य आरोपी असद के पिता नवाब के दो मंजिला मकान को अवैध घोषित कर दिया है। प्रशासन का कहना है कि यह घर सरकारी जमीन पर बन
UP : गाजियाबाद में 17 साल के सूर्या चौहान की हत्या के मामले में बड़ी कार्रवाई हुई है। जिला प्रशासन ने मुख्य आरोपी असद के पिता नवाब के दो मंजिला मकान को अवैध घोषित कर दिया है। प्रशासन का कहना है कि यह घर सरकारी जमीन पर बनाया गया था, इसलिए अब इसे हटाने का नोटिस जारी किया गया है।
प्रशासन ने क्या कार्रवाई की और क्या है नियम?
गाजियाबाद जिला प्रशासन ने सोमवार, 1 जून 2026 को उत्तर प्रदेश राजस्व संहिता 2006 की धारा 136 के तहत नोटिस जारी किया। SDM (सदर) अरुण दीक्षित ने बताया कि यह मकान सरकारी जमीन पर कब्जा करके बनाया गया था। नोटिस में नवाब को 15 दिनों के भीतर खुद कब्जा हटाने को कहा गया है। अगर तय समय में मकान नहीं हटाया गया, तो प्रशासन इसे खुद ढहाएगा और इसका पूरा खर्च मालिक से वसूला जाएगा।
पूरा मामला क्या है और अब तक क्या हुआ?
यह पूरा विवाद 28 मई 2026 को 17 साल के सूर्या चौहान की हत्या के बाद शुरू हुआ। इस मामले का मुख्य आरोपी 19 साल का असद था, जिसे 31 मई 2026 को पुलिस एनकाउंटर में ढेर कर दिया गया। असद के पिता नवाब भी इस हत्या के मामले में आरोपी हैं। प्रशासन ने सोमवार को घर पर नोटिस चिपकाया और लाउडस्पीकर से इसकी जानकारी दी। पड़ोसियों के मुताबिक, यह घर पिछले आठ महीने से बंद था और मालिक इसे बेचकर पास में ही किराए पर रह रहा था।
अधिकारियों ने इस कार्रवाई पर क्या कहा?
SDM (सदर) अरुण दीक्षित ने साफ किया कि राजस्व कानूनों का उल्लंघन और सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि यह कार्रवाई पूरी तरह कानूनी प्रक्रिया के तहत की गई है। अब 15 दिन की मोहलत के बाद अगर कब्जा नहीं हटा, तो बुलडोजर की कार्रवाई आगे बढ़ेगी।
Frequently Asked Questions (FAQs)
प्रशासन ने नोटिस किस कानून के तहत जारी किया है?
यह नोटिस उत्तर प्रदेश राजस्व संहिता 2006 की धारा 136 के तहत जारी किया गया है, जिसमें अवैध कब्जे को हटाने का निर्देश दिया गया है।
मकान हटाने के लिए कितना समय दिया गया है?
मकान मालिक नवाब को नोटिस मिलने के बाद 15 दिनों का समय दिया गया है, जिसके बाद प्रशासन खुद कार्रवाई करेगा।