Sudan से सोना मंगाना अब EU में बंद, गृहयुद्ध रोकने के लिए यूरोपीय संघ ने लगाया कड़ा प्रतिबंध

World : यूरोपीय संघ (EU) ने सूडान से सोने के आयात पर पूरी तरह से रोक लगा दी है। यह फैसला सूडान में चल रहे गृहयुद्ध की फंडिंग को रोकने के लिए लिया गया है। यूरोपीय अधिकारियों का कहना है कि इस कदम से उन आर्थिक नेटवर्क को चो

World : यूरोपीय संघ (EU) ने सूडान से सोने के आयात पर पूरी तरह से रोक लगा दी है। यह फैसला सूडान में चल रहे गृहयुद्ध की फंडिंग को रोकने के लिए लिया गया है। यूरोपीय अधिकारियों का कहना है कि इस कदम से उन आर्थिक नेटवर्क को चोट पहुंचेगी जो युद्ध को बढ़ावा दे रहे हैं।

Council of the European Union ने सोमवार, 13 जुलाई 2026 को यह आधिकारिक प्रतिबंध लागू किया। इसके तहत अब EU की कोई भी कंपनी या व्यक्ति सूडान से सोना नहीं खरीद पाएगा और न ही उसे कहीं ट्रांसफर कर पाएगा। इसके साथ ही, सोने की खुदाई में इस्तेमाल होने वाले जरूरी केमिकल जैसे मरकरी (Mercury) और साइनाइड (Cyanide) की सप्लाई और बिक्री पर भी रोक लगा दी गई है। हालांकि, मानवीय मदद और स्वास्थ्य आपातकाल जैसी स्थितियों में इन केमिकल्स के निर्यात की छूट दी गई है।

सूडान में मुख्य रूप से दो गुटों, Sudanese Armed Forces (SAF) और Rapid Support Forces (RSF) के बीच लड़ाई चल रही है। रिपोर्ट के मुताबिक, ये दोनों गुट सैन्य अभियानों और हथियार खरीदने के लिए सोने से होने वाली कमाई का इस्तेमाल करते हैं। RSF का नियंत्रण दारफुर और कोर्डोफन के सोने के खनन क्षेत्रों पर है, जबकि SAF पूर्वी सूडान के ऑपरेशंस को संभालता है।

इस पूरे मामले में United Arab Emirates (UAE) की भूमिका भी चर्चा में है। UAE को सूडान के तस्करी किए हुए सोने का एक बड़ा ग्लोबल हब माना जाता है, जहाँ सोना मिस्र, चाड और लीबिया जैसे पड़ोसी देशों के जरिए पहुँचता है। जानकारों का कहना है कि जब तक UAE की संस्थाओं पर रोक नहीं लगती, तब तक इस प्रतिबंध का पूरा असर दिखना मुश्किल है क्योंकि सोने को वहां ले जाकर अलग लेबल के साथ रिफाइन किया जा सकता है।

EU ने अक्टूबर 2023 से सूडान के खिलाफ कई प्रतिबंध लगाए थे, जिन्हें जनवरी 2026 में और बढ़ाया गया। यूरोपीय संघ ने बार-बार सूडान में तुरंत युद्धविराम और नागरिक नेतृत्व वाली राजनीतिक व्यवस्था की मांग की है। अगर हिंसा जारी रहती है, तो आने वाले समय में और भी कड़े प्रतिबंध लगाए जा सकते हैं।