Dubai में 18 अरब दिरहम के बड़े प्रोजेक्ट्स को मंजूरी, ट्रैफिक जाम से मिलेगी राहत और बदल जाएगी शहर की शक्ल
World : दुबई अपने शहर को और आधुनिक बनाने के लिए एक बड़ा कदम उठा रहा है। शेख हमदान बिन मोहम्मद की अध्यक्षता में दुबई की एग्जीक्यूटिव काउंसिल ने 18 अरब दिरहम (AED 18 billion) के कई बड़े प्रोजेक्ट्स को मंजूरी दी है। इन प्रो
World : दुबई अपने शहर को और आधुनिक बनाने के लिए एक बड़ा कदम उठा रहा है। शेख हमदान बिन मोहम्मद की अध्यक्षता में दुबई की एग्जीक्यूटिव काउंसिल ने 18 अरब दिरहम (AED 18 billion) के कई बड़े प्रोजेक्ट्स को मंजूरी दी है। इन प्रोजेक्ट्स का मुख्य मकसद बुनियादी ढांचे को मजबूत करना, सरकारी सेवाओं को बेहतर बनाना और वहां रहने वाले लोगों के जीवन स्तर को ऊपर उठाना है।
इस योजना में सबसे खास बात ‘फर्स्ट अल खैल स्ट्रीट’ का विकास है। यह शेख जायद रोड के समानांतर 15 किलोमीटर लंबा एक ऊंचा रास्ता (elevated roadway) होगा। इसका काम 2027 की तीसरी तिमाही में शुरू होगा और 2030 के अंत तक पूरा हो जाएगा। दावा किया गया है कि इससे पीक ऑवर्स के दौरान शेख जायद रोड पर सफर का समय 51% तक कम हो जाएगा, जिससे करीब 26 लाख लोगों को फायदा होगा।
संस्कृति और कला को बढ़ावा देने के लिए ‘दुबई कल्चरल स्ट्रेटजी 2033’ पर भी काम होगा। इसके जरिए 6,000 स्थानीय कलाकारों और 6,000 अंतरराष्ट्रीय क्रिएटिव लोगों को मदद मिलेगी। साथ ही, दुबई के एड्रेस सिस्टम को भी बदला जा रहा है ताकि लोगों को रास्ता खोजने में आसानी हो, इसे 2029 तक 186 इलाकों में लागू किया जाएगा।
| प्रोजेक्ट/रणनीति | मुख्य लक्ष्य | समय सीमा |
|---|---|---|
| अल खैल स्ट्रीट डेवलपमेंट | ट्रैफिक समय में 51% की कमी | 2027-2030 |
| कल्चरल स्ट्रेटजी 2033 | 6,000 स्थानीय और विदेशी कलाकारों को सपोर्ट | 2033 तक |
| कस्टम्स स्ट्रेटजी 2030 | व्यापार को आसान बनाना और सुरक्षा बढ़ाना | 2030 तक |
| एड्रेस सिस्टम अपडेट | नेविगेशन और रास्तों को आसान बनाना | 2029 तक |
| इस्लामिक फाइनेंस सेंटर | तकनीकी नवाचार और ट्रेनिंग | नवंबर 2026 (फोरम) |
| दुबई पॉपुलेशन नाउ | AI के जरिए रियल-टाइम जनसंख्या डेटा | जारी |
इसके अलावा, इस्लामिक फाइनेंस के क्षेत्र में तकनीक को बढ़ावा देने के लिए एक ग्लोबल सेंटर बनाया जाएगा। वहीं ‘दुबई पॉपुलेशन नाउ’ नाम की एक पहल शुरू की गई है, जिसमें AI की मदद से शहर की आबादी का रियल-टाइम डेटा रखा जाएगा। यह कदम इसलिए उठाया गया है क्योंकि 2025 के अंत तक दुबई की आबादी 45.8 लाख को पार कर गई थी। निजी शिक्षा के क्षेत्र में भी 3,000 अमीराती युवाओं के लिए अवसर पैदा करने की योजना है।