Delhi लाल किले ब्लास्ट मामला, कोर्ट ने पीड़ितों और आतंकी उमर नबी के अवशेषों के अंतिम संस्कार की दी इजाजत

Delhi: पटियाला हाउस स्थित NIA की विशेष अदालत ने लाल किले के सामने हुए कार बम धमाके के पीड़ितों और आरोपी डॉ. उमर उन नबी के जैविक अवशेषों के अंतिम संस्कार की अनुमति दे दी है। कोर्ट ने यह फैसला 13 जुलाई 2026 को सुनाया। इस आ

Delhi: पटियाला हाउस स्थित NIA की विशेष अदालत ने लाल किले के सामने हुए कार बम धमाके के पीड़ितों और आरोपी डॉ. उमर उन नबी के जैविक अवशेषों के अंतिम संस्कार की अनुमति दे दी है। कोर्ट ने यह फैसला 13 जुलाई 2026 को सुनाया। इस आदेश के बाद अब मृतकों और आरोपी के अवशेषों का निपटान किया जा सकेगा।

विशेष न्यायाधीश पीतांबर दत्त ने NIA को साफ निर्देश दिए हैं कि अवशेषों का निपटान पूरी मानवीय गरिमा के साथ किया जाए। साथ ही यह भी कहा गया कि अंतिम संस्कार संबंधित व्यक्तियों की धार्मिक मान्यताओं के हिसाब से होना चाहिए। कोर्ट ने इस पूरी प्रक्रिया के खत्म होने के बाद एक अनुपालन रिपोर्ट भी मांगी है।

NIA ने अदालत को बताया कि अवशेषों से सभी जरूरी फोरेंसिक सबूत पहले ही जुटा लिए गए हैं। अब अवशेष सड़ रहे हैं, इसलिए उन्हें और ज्यादा समय तक सुरक्षित रखना जरूरी नहीं है। बता दें कि यह पूरा मामला 10 नवंबर 2025 को लाल किले के पास हुए एक जोरदार आईईडी धमाके से जुड़ा है। इस हमले में 11 लोगों की जान गई थी और कई लोग घायल हुए थे।

जांच में सामने आया कि धमाका करने वाला आत्मघाती हमलावर डॉ. उमर उन नबी था, जो विस्फोटकों से भरी कार चला रहा था। वह अल-फलाह विश्वविद्यालय में जनरल मेडिसिन का सहायक प्रोफेसर था और अनसार गजवत-उल-हिंद (AGuH) नाम के आतंकी संगठन से जुड़ा था, जो अल-कायदा का सहयोगी है।

इस मामले में NIA ने अब तक काफी बड़ी कार्रवाई की है। 14 मई 2026 को एजेंसी ने 10 आरोपियों के खिलाफ 7,500 पन्नों की चार्जशीट पेश की थी। पिछले महीने जून 2026 में तीन और लोगों के खिलाफ पूरक चार्जशीट दाखिल की गई, जिससे अब कुल 13 लोग इस मामले में चार्जशीट किए जा चुके हैं।

मुख्य आरोपी और विवरण जानकारी
मुख्य हमलावर डॉ. उमर उन नबी (मृत)
संबंधित संगठन अनसार गजवत-उल-हिंद (AGuH)
कुल चार्जशीट आरोपी 13 व्यक्ति
घटना की तारीख 10 नवंबर 2025
कुल मौतें 11 लोग