Delhi: राजधानी दिल्ली में मानसून की बारिश से पहले सड़कों पर पानी न भरे, इसके लिए सरकार ने तैयारी तेज कर दी है। PWD मंत्री Pravesh Verma ने ‘Government on Wheels’ पहल के तहत दक्षिण दिल्ली के मुख्य रास्तों का न
Delhi: राजधानी दिल्ली में मानसून की बारिश से पहले सड़कों पर पानी न भरे, इसके लिए सरकार ने तैयारी तेज कर दी है। PWD मंत्री Pravesh Verma ने ‘Government on Wheels’ पहल के तहत दक्षिण दिल्ली के मुख्य रास्तों का निरीक्षण किया। उन्होंने खुद सड़कों और नालों की हालत देखी ताकि बारिश के समय आम जनता को जाम और जलभराव की समस्या से न जूझना पड़े।
मानसून की तैयारी और मंत्री का निरीक्षण
PWD मंत्री Pravesh Verma ने 11 अप्रैल 2026 को दक्षिण दिल्ली के प्रमुख मार्गों का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने नालों की सफाई और डिसिल्टिंग के काम की जांच की। मंत्री ने साफ कहा कि अगर समय रहते कमियों को ठीक कर लिया जाए, तो बारिश में लोगों को परेशानी कम होगी। निरीक्षण के दौरान जहां भी काम में ढिलाई मिली, वहां उन्होंने तुरंत सुधार करने के आदेश दिए।
जलभराव रोकने के लिए क्या कदम उठाए गए
- रोहतक रोड (NH-10) पर स्टॉर्म वाटर ड्रेन प्रोजेक्ट का काम आखिरी चरण में है, जिससे पश्चिम दिल्ली में जलभराव कम होगा।
- मुख्यमंत्री Rekha Gupta ने सभी नालों की सफाई का काम 30 जून तक पूरा करने की डेडलाइन तय की है।
- निचले इलाकों और अंडरपास पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए हैं ताकि भारी बारिश में भी रास्ता बंद न हो।
- PWD, MCD, DMRC, NDMC और DDA जैसी सभी एजेंसियां मिलकर काम कर रही हैं।
अधिकारियों को क्या निर्देश दिए गए
मुख्यमंत्री Rekha Gupta ने एक हाई-लेवल मीटिंग में कहा कि नालों की सफाई में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने निर्देश दिया कि नालों से निकाली गई सिल्ट को तय जगहों पर ही फेंका जाए और कचरे की वजह से बंद हुए इनलेट्स को तुरंत खोला जाए। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि मानसून के दौरान वह खुद फील्ड विजिट करेंगी ताकि जमीनी हकीकत का पता चल सके।