Delhi में प्रदूषण रोकने के लिए बनेगा मास्टर प्लान, शहर की सीमा पर रुकेंगे डीजल ट्रक, EV से होगी डिलीवरी

Delhi: राजधानी में सर्दियों के दौरान बढ़ते प्रदूषण से निपटने के लिए केंद्र और दिल्ली सरकार ने एक बड़ा प्लान तैयार किया है। अब दिल्ली के अंदर भारी डीजल ट्रकों की एंट्री कम करने के लिए शहर के बाहर पांच मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक्

Delhi: राजधानी में सर्दियों के दौरान बढ़ते प्रदूषण से निपटने के लिए केंद्र और दिल्ली सरकार ने एक बड़ा प्लान तैयार किया है। अब दिल्ली के अंदर भारी डीजल ट्रकों की एंट्री कम करने के लिए शहर के बाहर पांच मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक्स हब बनाए जाएंगे। इसका सीधा मतलब यह है कि बाहर से आने वाला माल इन हब पर उतरेगा और वहां से इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) के जरिए दिल्ली के अंदर डिलीवरी की जाएगी।

केंद्र सरकार की इस योजना के तहत सोनीपत, फरीदाबाद, गाजियाबाद, ग्रेटर नोएडा और गुरुग्राम में ये लॉजिस्टिक्स हब बनाए जाएंगे। NHEV के प्रोजेक्ट डायरेक्टर अभिजीत सिन्हा के मुताबिक, लक्ष्य यह है कि डीजल ट्रक केवल शहर की सीमा तक आएं और दिल्ली के भीतर सिर्फ जीरो-इमिशन वाले वाहन ही चलें। पहले चरण में करीब 50 प्रतिशत माल परिवहन को इस नए मॉडल पर शिफ्ट करने की तैयारी है। अगले 16 से 18 महीनों में इन हब और चार्जिंग स्टेशनों का काम पूरा होने की उम्मीद है।

प्रदूषण को कंट्रोल करने के लिए दिल्ली सरकार ने ‘स्थायी विंटर पॉल्यूशन कंट्रोल मास्टर प्लान’ भी लागू किया है। यह नियम हर साल 1 नवंबर से 28 फरवरी तक प्रभावी रहेगा। इसके तहत 1 नवंबर से 31 जनवरी तक दिल्ली के बाहर रजिस्टर्ड BS-VI से नीचे के वाहनों का शहर में प्रवेश बंद रहेगा, हालांकि CNG और इलेक्ट्रिक वाहनों को इससे छूट मिलेगी। साथ ही, 1 नवंबर से 28 फरवरी के बीच अधिकृत पार्किंग में शुल्क दोगुना कर दिया जाएगा।

प्रदूषण के स्तर को देखते हुए सरकारी और निजी दफ्तरों में 50% वर्क फ्रॉम होम का नियम लागू किया जा सकेगा। इसके अलावा, 10 दिसंबर से 20 जनवरी के बीच निर्माण कार्यों पर और सख्त पाबंदियां लगाई जा सकती हैं। हरियाणा सरकार ने भी नए नियम बनाए हैं, जिसके तहत 1 जनवरी 2026 से ई-कॉमर्स और डिलीवरी कंपनियों के सभी वाहन अनिवार्य रूप से CNG या इलेक्ट्रिक होंगे।

नियम/योजना समय सीमा/विवरण
विंटर मास्टर प्लान 1 नवंबर से 28 फरवरी तक प्रभावी
BS-VI से नीचे के वाहन 1 नवंबर से 31 जनवरी तक प्रवेश प्रतिबंधित
पार्किंग शुल्क 1 नवंबर से 28 फरवरी तक दोगुना
परिवर्तन योजना पुराने ट्रकों/बसों को BS-VI या EV से बदलना
हरियाणा एग्रीगेटर नियम 1 जनवरी 2026 से केवल स्वच्छ ईंधन वाहन