Delhi Police ने पकड़ा ‘डिजिटल अरेस्ट’ करने वाला गैंग, West Bengal से 3 आरोपी गिरफ्तार

Delhi: दिल्ली पुलिस की साइबर साउथ पुलिस स्टेशन की टीम ने एक बड़े साइबर फ्रॉड गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस गैंग के सदस्य लोगों को ‘डिजिटल अरेस्ट’ करने का डर दिखाकर उनसे लाखों रुपये ठग रहे थे। पुलिस ने इस मामल

Delhi: दिल्ली पुलिस की साइबर साउथ पुलिस स्टेशन की टीम ने एक बड़े साइबर फ्रॉड गिरोह का पर्दाफाश किया है। इस गैंग के सदस्य लोगों को ‘डिजिटल अरेस्ट’ करने का डर दिखाकर उनसे लाखों रुपये ठग रहे थे। पुलिस ने इस मामले में पश्चिम बंगाल से तीन लोगों को गिरफ्तार किया है।

यह पूरा मामला एक महिला से शुरू हुआ जिन्हें ठगों ने डराकर 7.22 लाख रुपये ट्रांसफर करवा लिए थे। पीड़िता ने 6 जून 2026 को शिकायत दर्ज कराई थी, जिसके बाद पुलिस ने ई-एफआईआर (नंबर 365/2026) दर्ज कर जांच शुरू की। ठगों का तरीका बहुत शातिर था, वे WhatsApp वीडियो कॉल के जरिए खुद को मुंबई ATS, IPS और CBI अधिकारी बताते थे। वे पीड़ित को यकीन दिलाते थे कि वह किसी कानूनी मुसीबत में है और उसे ‘डिजिटल अरेस्ट’ कर लिया गया है, जिसके बाद डर के मारे लोग पैसे दे देते थे।

पुलिस ने पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना और हावड़ा जिले में छापेमारी कर समिरन रॉय, प्रिंस शॉ और समर चटर्जी को पकड़ा है। जांच में पता चला कि ठगों ने ठगी की रकम पहले बंधन बैंक के एक खाते में ली, जिसे समिरन और प्रिंस चलाते थे, फिर उस पैसे को कई अन्य खातों में घुमा दिया गया।

पुलिस ने आरोपियों के पास से कई सामान बरामद किए हैं:

  • 6 मोबाइल फोन और 1 लैपटॉप
  • 18 डेबिट और क्रेडिट कार्ड
  • 15 सिम कार्ड और बैंकिंग दस्तावेज

इंस्पेक्टर हंसराज स्वामी के नेतृत्व में इस ऑपरेशन को अंजाम दिया गया। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि क्या इस गैंग के तार किसी अंतरराष्ट्रीय साइबर सिंडिकेट से जुड़े हैं। यह मामला भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4) और IT एक्ट की धारा 66D के तहत दर्ज किया गया है।