Delhi में लॉरेंस बिश्नोई गैंग का मददगार गणित शिक्षक गिरफ्तार, व्यवसायी से मांगी थी 10 करोड़ की रंगदारी
Delhi: दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने लॉरेंस बिश्नोई और हरी बॉक्सर गैंग के लिए काम करने वाले एक गणित शिक्षक को गिरफ्तार किया है. आरोपी की पहचान अमित बिश्नोई उर्फ रुद्र प्रताप सिंह के रूप में हुई है. उसने मुखर्जी नगर के एक
Delhi: दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने लॉरेंस बिश्नोई और हरी बॉक्सर गैंग के लिए काम करने वाले एक गणित शिक्षक को गिरफ्तार किया है. आरोपी की पहचान अमित बिश्नोई उर्फ रुद्र प्रताप सिंह के रूप में हुई है. उसने मुखर्जी नगर के एक व्यवसायी से 10 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने की साजिश रची थी.
पुलिस के मुताबिक, अमित बिश्नोई मूल रूप से हरियाणा के हिसार का रहने वाला है और दिल्ली के शालीमार बाग में रह रहा था. वह 2018 से मुखर्जी नगर के अलग-अलग कोचिंग सेंटरों में गणित पढ़ा रहा था. वह फरीदाबाद से बी.टेक ग्रेजुएट है और पहले यूपीएससी और एसएससी की तैयारी भी कर चुका है.
यह पूरा मामला 15 जून 2026 को शुरू हुआ जब मुखर्जी नगर के एक व्यवसायी, जो कोचिंग सेंटरों को इलेक्ट्रॉनिक सामान सप्लाई करता है, को अंतरराष्ट्रीय नंबरों से व्हाट्सएप कॉल आए. कॉल करने वाले ने खुद को गैंगस्टर हरी बॉक्सर बताया और एक हफ्ते में 10 करोड़ रुपये की मांग की. धमकी दी गई कि अगर पैसे नहीं मिले तो व्यवसायी के बच्चों को मार दिया जाएगा और उसके ऑफिस को उड़ा दिया जाएगा. धमकी को सच साबित करने के लिए गैंग ने ऑफिस का एक वीडियो भी भेजा, जिससे पता चला कि वहां पहले ही रेकी की जा चुकी है.
जांच में सामने आया कि अमित बिश्नोई ने ही ऑफिस की रेकी की थी और वीडियो बनाकर हरी बॉक्सर को भेजा था. उसने व्यवसायी के परिवार और उसके काम-काज की पूरी जानकारी भी गैंग को दी थी. पुलिस के अनुसार, अमित 2014 में एक जान-पहचान वाले के जरिए लॉरेंस बिश्नोई के संपर्क में आया था और बाद में हरी बॉक्सर के लिए लोकल जासूसी का काम करने लगा.
डीसीपी (स्पेशल सेल) प्रवीण कुमार त्रिपाठी ने बताया कि एसीपी विवेक त्यागी की देखरेख में इंस्पेक्टर संजय कुमार गुप्ता और पंकज चौहान की टीम ने 9 जुलाई 2026 को आरोपी को दबोचा. पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि क्या अमित ने किसी और की भी रेकी की थी और इस नेटवर्क में और कौन-कौन शामिल है.