Delhi में एक्सपायर्ड फूड को फ्रेश बताकर बेचने वाली फैक्ट्री का भंडाफोड़, मालिक समेत 7 गिरफ्तार
Delhi: राजधानी दिल्ली के ओखला फेज-2 इलाके में एक बड़ी धोखाधड़ी का खुलासा हुआ है। यहाँ एक फैक्ट्री में एक्सपायर्ड विदेशी फूड प्रोडक्ट्स को केमिकल की मदद से नया बनाकर बेचा जा रहा था। FSSAI और मिशन मुक्ति NGO ने संयुक्त छाप
Delhi: राजधानी दिल्ली के ओखला फेज-2 इलाके में एक बड़ी धोखाधड़ी का खुलासा हुआ है। यहाँ एक फैक्ट्री में एक्सपायर्ड विदेशी फूड प्रोडक्ट्स को केमिकल की मदद से नया बनाकर बेचा जा रहा था। FSSAI और मिशन मुक्ति NGO ने संयुक्त छापेमारी कर इस गिरोह को पकड़ा है, जिसमें फैक्ट्री मालिक समेत सात लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
जांच में पता चला कि आरोपी कम कीमत पर एक्सपायर हो चुके विदेशी ब्रांड के खाद्य उत्पाद खरीदते थे। इसके बाद वे केमिकल थिनर और खास प्रिंटिंग मशीनों का इस्तेमाल कर पुराने डेट्स को मिटा देते थे और उन पर नई मैन्युफैक्चरिंग और एक्सपायरी डेट छाप देते थे। इतना ही नहीं, वे फर्जी न्यूट्रिशन लेबल, बारकोड और MRP स्टिकर लगाकर इन सामानों को फिर से बाजार में उतार देते थे।
डीसीपी (दक्षिण-पूर्व) हेमंत तिवारी ने बताया कि इस रैकेट का मकसद सिर्फ मुनाफा कमाना था। छापेमारी के दौरान 20 लाख रुपये से ज्यादा का सामान जब्त किया गया है, जिसमें करीब 40 हजार पैकेट शामिल हैं। इन पैकेटों में Thums Up, Fanta, Bournvita, Horlicks, Maggi noodles, घी और Paper Boat जैसे मशहूर ब्रांड्स के उत्पाद थे। ये सामान घरेलू बाजारों और ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म के जरिए बेचा जाना था।
इस मामले में M/s Westend Corporation Pvt. Ltd. नाम की कंपनी शामिल थी। पुलिस ने कंपनी मालिक दर्शन सिंह सचदेवा (70), मैनेजर नितेश भारद्वाज (38), अकाउंटेंट नरेंद्र कुमार (42), ऑपरेटर कपिल (34), वेयरहाउस कीपर लकी ओझा (45) और सुपरवाइजर प्रेम यादव (33) व पवन कुमार यादव (32) को गिरफ्तार किया है।
राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (NHRC) के सदस्य प्रियंक कनूगो ने इस घटना पर चिंता जताते हुए इसे बच्चों के स्वास्थ्य पर हमला बताया है। NHRC ने दिल्ली पुलिस, FSSAI और केंद्र सरकार से दो हफ्ते के भीतर इस पर एक्शन रिपोर्ट मांगी है। ओखला इंडस्ट्रियल एरिया पुलिस स्टेशन में भारतीय न्याय संहिता की धारा 275, 318, 336, 340 और 61 के तहत मामला दर्ज किया गया है। FSSAI ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी संदिग्ध खाद्य उत्पाद की शिकायत उनके मोबाइल ऐप या पोर्टल पर करें।