Delhi: राजधानी दिल्ली में कॉम्पिटिटिव एग्जाम की तैयारी करने वाले छात्रों के बीच अब नए इलाकों का क्रेज बढ़ रहा है। अब तक छात्र सिर्फ मुखर्जी नगर, राजेंद्र नगर और लक्ष्मी नगर जैसे पुराने हब पर निर्भर थे, लेकिन अब लाजपत नगर
Delhi: राजधानी दिल्ली में कॉम्पिटिटिव एग्जाम की तैयारी करने वाले छात्रों के बीच अब नए इलाकों का क्रेज बढ़ रहा है। अब तक छात्र सिर्फ मुखर्जी नगर, राजेंद्र नगर और लक्ष्मी नगर जैसे पुराने हब पर निर्भर थे, लेकिन अब लाजपत नगर और जनकपुरी वेस्ट जैसे इलाके उनकी पहली पसंद बन रहे हैं। सस्ते कमरे, अच्छा खाना और मेट्रो की बेहतरीन कनेक्टिविटी की वजह से छात्र इन नए इलाकों की तरफ शिफ्ट हो रहे हैं।
छात्रों की पहली पसंद क्यों बन रहे हैं नए इलाके?
छात्रों का कहना है कि पुराने कोचिंग हब अब बहुत ज्यादा भीड़भाड़ वाले हो गए हैं। लाजपत नगर और जनकपुरी वेस्ट जैसे इलाकों में रहने और खाने के विकल्प सस्ते मिल रहे हैं। साथ ही, यहाँ का माहौल पढ़ाई के लिए ज्यादा शांत है। मेट्रो कनेक्टिविटी अच्छी होने की वजह से छात्र आसानी से अपने कोचिंग सेंटर तक पहुँच पा रहे हैं। इसके अलावा, अब छात्र ऐसे इलाकों को चुन रहे हैं जहाँ पढ़ाई के साथ-साथ मानसिक स्वास्थ्य और बेहतर लाइफस्टाइल मिल सके।
कोचिंग सेंटर्स के लिए सरकार के नए नियम और सख्ती
दिल्ली सरकार और L-G V.K. Saxena ने कोचिंग सेंटर्स की सुरक्षा को लेकर सख्त रुख अपनाया है। जुलाई 2024 में ओल्ड राजेंद्र नगर के एक बेसमेंट में डूबने से तीन छात्रों की मौत के बाद, मुख्य सचिव नरेश कुमार की अगुवाई में एक कमेटी बनाई गई है। इस कमेटी का काम कोचिंग सेंटर्स के लिए नए नियम बनाना है। प्रशासन ने सभी बेसमेंट लाइब्रेरी और कोचिंग क्लासेस को तुरंत सील करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही, अब सभी संस्थानों और छात्रों का आधार-आधारित ऑनलाइन डेटाबेस तैयार किया जाएगा ताकि पारदर्शिता बनी रहे।
भविष्य में कहाँ शिफ्ट होंगे कोचिंग संस्थान?
भीड़भाड़ कम करने के लिए सरकार ने कोचिंग संस्थानों को नरेला और रोहिणी जैसे इलाकों में शिफ्ट करने का सुझाव दिया है। DDA के वाइस चेयरमैन को इन जगहों का मुआयना कराने के निर्देश दिए गए हैं। इसके अलावा, अब ‘हाइब्रिड मॉडल’ का चलन बढ़ रहा है, जिसमें छात्र ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों तरह की क्लासेस ले रहे हैं। MCD ने भी नियमों का उल्लंघन करने वाले सेंटर्स के खिलाफ सीलिंग अभियान चलाया है, क्योंकि जून 2023 के ऑडिट में कई सेंटर्स फायर सेफ्टी मानकों में फेल पाए गए थे।
Frequently Asked Questions (FAQs)
दिल्ली में कोचिंग के लिए कौन से नए इलाके उभर रहे हैं?
मुखर्जी नगर और राजेंद्र नगर के अलावा अब लाजपत नगर, जनकपुरी वेस्ट, उत्तम नगर, पीतमपुरा, रोहिणी और ट्रांस-यमुना इलाके छात्रों की पसंद बन रहे हैं।
कोचिंग सेंटर्स के लिए सरकार ने क्या सुरक्षा उपाय किए हैं?
L-G ने बेसमेंट लाइब्रेरी सील करने, आधार-आधारित पोर्टल बनाने और फायर सेफ्टी ऑडिट करने के निर्देश दिए हैं ताकि छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।