Delhi: उत्तर-पश्चिम दिल्ली के मुकरबा चौक पर रोजाना लगने वाले भारी जाम से अब लोगों को छुटकारा मिलेगा। रेलवे ने यहां के रेलवे ओवर ब्रिज (ROB) को चौड़ा करने और एक नए एलिवेटेड लूप बनाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। मुख्यम
Delhi: उत्तर-पश्चिम दिल्ली के मुकरबा चौक पर रोजाना लगने वाले भारी जाम से अब लोगों को छुटकारा मिलेगा। रेलवे ने यहां के रेलवे ओवर ब्रिज (ROB) को चौड़ा करने और एक नए एलिवेटेड लूप बनाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने रविवार, 10 मई 2026 को इस खबर की जानकारी साझा की। इस प्रोजेक्ट से शालिमार बाग और संजय गांधी ट्रांसपोर्ट नगर के बीच कनेक्टिविटी बेहतर होगी और यात्रा का समय कम होगा।
क्या-क्या काम होंगे और किसे मिलेगा फायदा
इस प्रोजेक्ट के तहत हैदरपुर-बदली के पास बने मौजूदा रेलवे ओवर ब्रिज की चौड़ाई बढ़ाई जाएगी। साथ ही, शालिमार बाग को संजय गांधी ट्रांसपोर्ट नगर से जोड़ने के लिए एक एलिवेटेड लूप बनाया जाएगा। इससे उन हजारों यात्रियों और माल ढोने वाले वाहनों को आसानी होगी जो रोजाना इस रास्ते से गुजरते हैं। PWD ने इसके लिए तकनीकी नक्शे रेलवे को भेजे थे, जिसे अब मंजूरी मिल गई है।
प्रोजेक्ट की खास बातें और नियम
- रेलवे ने इन प्रोजेक्ट्स के लिए इन-प्रिंसिपल NOC जारी कर दी है।
- सभी निर्माण कार्य रेलवे के सुरक्षा मानकों के हिसाब से किए जाएंगे।
- मुकरबा चौक अंडरपास का काम भी लगभग 98% पूरा हो चुका है और जल्द खुलेगा।
- इस पहल का मकसद दिल्ली को ‘विकसित दिल्ली’ बनाना और ट्रैफिक सिस्टम को आधुनिक करना है।
किन्हीं विभागों की है इसमें भूमिका
इस पूरे काम में दिल्ली सरकार और Northern Railway के बीच लंबा पत्राचार चला। PWD ने तकनीकी प्रस्ताव तैयार किए थे, जबकि डिवीजनल रेलवे मैनेजर की मंजूरी के बाद इसे हरी झंडी मिली। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इस सहयोग के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का आभार जताया है। PWD मंत्री परवेश सिंह भी इस क्षेत्र के एलिवेटेड रिंग रोड प्रोजेक्ट की निगरानी कर रहे हैं।
Frequently Asked Questions (FAQs)
मुकरबा चौक पर ट्रैफिक कम करने के लिए क्या कदम उठाए गए हैं?
रेलवे ने ROB की चौड़ाई बढ़ाने और शालिमार बाग से संजय गांधी ट्रांसपोर्ट नगर तक एलिवेटेड लूप बनाने की मंजूरी दी है। साथ ही, यहां का अंडरपास भी 98% पूरा हो चुका है।
इस प्रोजेक्ट से किन इलाकों के लोगों को फायदा होगा?
मुख्य रूप से उत्तर-पश्चिम दिल्ली, शालिमार बाग और संजय गांधी ट्रांसपोर्ट नगर के निवासियों और वहां से गुजरने वाले भारी वाहनों को जाम से राहत मिलेगी।