Delhi में मानसून की पहली बारिश के साथ स्ट्रीट फूड का क्रेज बढ़ा, FSSAI ने जारी की फूड सेफ्टी एडवाइजरी
Delhi: राजधानी दिल्ली में बारिश की पहली फुहारों ने लोगों का मिजाज बदल दिया है। तपती गर्मी के बाद जब सड़कों पर बारिश गिरी और मिट्टी की खुशबू फैली, तो दिल्ली वाले अपने पसंदीदा स्ट्रीट फूड की तलाश में निकल पड़े। शहर की गलिय
Delhi: राजधानी दिल्ली में बारिश की पहली फुहारों ने लोगों का मिजाज बदल दिया है। तपती गर्मी के बाद जब सड़कों पर बारिश गिरी और मिट्टी की खुशबू फैली, तो दिल्ली वाले अपने पसंदीदा स्ट्रीट फूड की तलाश में निकल पड़े। शहर की गलियों में एक बार फिर गरमा-गरम पकौड़ों और कचौड़ियों की महक छा गई है।
दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में लोग अपने पुराने ठिकानों पर लौट रहे हैं। चांदनी चौक की मशहूर कचौड़ी, करोल बाग के पकौड़े और लाजपत नगर के राम लड्डू लोगों की पहली पसंद बने हुए हैं। इसके अलावा कमला नगर का भुट्टा, पहाड़गंज के छोले-भटूरे और मजनू का टीला के मोमोज़ का स्वाद लेने के लिए लोगों की भीड़ जुट रही है। दिल्ली वालों के लिए मानसून का यह मौसम सिर्फ बारिश नहीं, बल्कि स्वाद और यादों से जुड़ा समय है।
स्वाद के इस क्रेज के बीच Food Safety and Standards Authority of India (FSSAI) ने लोगों को सेहत के प्रति सतर्क रहने की सलाह दी है। FSSAI ने मानसून के दौरान फूड सेफ्टी एडवाइजरी जारी की है, जिसमें बताया गया है कि उमस और बारिश के मौसम में दूषित पानी और तापमान के कारण बैक्टीरिया पनपने का खतरा बढ़ जाता है, जिससे फूडबोर्न बीमारियों की आशंका रहती है।
FSSAI ने आम जनता के लिए कुछ जरूरी सुझाव दिए हैं। संस्था ने सलाह दी है कि फलों और सब्जियों को साफ पानी से अच्छी तरह धोएं, खासकर पत्तेदार सब्जियों को नमक या सिरके के घोल में भिगोकर साफ करना बेहतर है। साथ ही, खाने को अच्छी तरह पकाएं और बचे हुए खाने को दोबारा गर्म करते समय उसे उबालने तक गर्म करें। पका हुआ खाना दो घंटे के भीतर 5 डिग्री सेल्सियस से कम तापमान पर फ्रिज में रखना चाहिए और खाने को एयरटाइट ढक्कन से ढककर रखना जरूरी है। रसोई की साफ-सफाई और साफ पानी का इस्तेमाल करने पर भी जोर दिया गया है।