Delhi Metro में छूट गया है आपका मोबाइल या बैग, ऐसे वापस पाएं अपना सामान, नोट कर लें हेल्पलाइन नंबर
Delhi: दिल्ली मेट्रो में हर दिन लाखों लोग सफर करते हैं और अक्सर जल्दबाजी या भीड़ की वजह से यात्रियों का मोबाइल, बैग या वॉलेट मेट्रो में ही छूट जाता है। ऐसे में घबराने की जरूरत नहीं है क्योंकि दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन
Delhi: दिल्ली मेट्रो में हर दिन लाखों लोग सफर करते हैं और अक्सर जल्दबाजी या भीड़ की वजह से यात्रियों का मोबाइल, बैग या वॉलेट मेट्रो में ही छूट जाता है। ऐसे में घबराने की जरूरत नहीं है क्योंकि दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) का एक खास ‘लॉस्ट एंड फाउंड’ विभाग है जो लोगों का सामान सुरक्षित वापस दिलाने का काम करता है।
अगर आपका सामान मेट्रो में खो गया है, तो सबसे पहले आपको जल्द से जल्द DMRC से संपर्क करना चाहिए। मेट्रो स्टेशनों पर मिलने वाला सामान पहले पास के स्टेशन के ऑफिस भेजा जाता है और फिर उसे कश्मीरी गेट मेट्रो स्टेशन पर स्थित केंद्रीय लॉस्ट एंड फाउंड ऑफिस में जमा कर दिया जाता है। अपना सामान वापस पाने के लिए आपको एक वैध पहचान पत्र (ID Proof) देना होगा और खोई हुई चीज की पूरी जानकारी बतानी होगी।
DMRC के अधिकारियों के मुताबिक, लगभग 90 प्रतिशत यात्रियों का खोया हुआ सामान उन्हें वापस मिल जाता है। हालांकि, यह ध्यान रखना जरूरी है कि सामान को केवल एक महीने तक सुरक्षित रखा जाता है, उसके बाद उसे निपटा दिया जाता है या नीलामी के लिए भेज दिया जाता है। लेकिन आधार कार्ड, पैन कार्ड और वोटर आईडी जैसे सरकारी दस्तावेजों को संबंधित विभाग को सौंप दिया जाता है।
| संपर्क माध्यम | विवरण/नंबर |
|---|---|
| केंद्रीय कार्यालय | कश्मीरी गेट मेट्रो स्टेशन, प्लेटफॉर्म नंबर 3 के नीचे (सुबह 8 से रात 8 बजे तक, रविवार बंद) |
| मोबाइल हेल्पलाइन | 8527405555 (सुबह 10 से शाम 5 बजे तक) |
| लैंडलाइन नंबर | 011-23417910 (एक्सटेंशन: 113701) |
| सामान्य हेल्पलाइन | 155370 (कॉल चार्जेस लागू) |
| ईमेल आईडी | lostandfound@dmrc.org या helpline@dmrc.org |
वहीं, अगर आपका सामान रैपिड मेट्रो में छूटा है, तो उसके लिए अलग व्यवस्था है। रैपिड मेट्रो का ऑफिस गुरुग्राम के मौलसरी एवेन्यू रोड, डीएलएफ फेज 3 (पिलर नंबर 146) पर है। यहाँ संपर्क के लिए 0124-2800028 नंबर या care@rapidmetrogurgaon.in पर ईमेल किया जा सकता है। रैपिड मेट्रो में सामान एक साल तक रखा जाता है।