Delhi: राजधानी दिल्ली में रसोई गैस की किल्लत ने एक दशक से भी पुराने दौर की यादें ताजा कर दी हैं। दिल्ली के मशहूर सदर बाजार में करीब 14 साल के लंबे अंतराल के बाद केरोसिन स्टोव की बिक्री में जबरदस्त तेजी आई है। एलपीजी सिले
Delhi: राजधानी दिल्ली में रसोई गैस की किल्लत ने एक दशक से भी पुराने दौर की यादें ताजा कर दी हैं। दिल्ली के मशहूर सदर बाजार में करीब 14 साल के लंबे अंतराल के बाद केरोसिन स्टोव की बिक्री में जबरदस्त तेजी आई है। एलपीजी सिलेंडरों की कमी के कारण खासकर ढाबा चलाने वाले और कैटरिंग का काम करने वाले लोग अब फिर से पुराने पारंपरिक स्टोव की खरीदारी कर रहे हैं।
सदर बाजार में स्टोव की मांग बढ़ने का मुख्य कारण क्या है?
दिल्ली के सदर बाजार में स्टोव की मांग बढ़ने के पीछे सबसे बड़ी वजह रसोई गैस की सप्लाई में आई कमी है। व्यापारियों के मुताबिक पिछले कई दिनों से गैस सिलेंडरों की उपलब्धता कम हुई है जिससे कारोबारियों को काम चलाने में परेशानी हो रही है। इस समस्या के विकल्प के रूप में लोग अब स्टोव का सहारा ले रहे हैं। बाजार में ग्राहकों की भीड़ उमड़ रही है और पुराने दुकानदारों का कहना है कि उन्होंने सालों बाद ऐसी स्थिति देखी है।
किन क्षेत्रों में देखा जा रहा है इसका सबसे ज्यादा असर?
- ढाबा और रेस्टोरेंट: दिल्ली के स्थानीय ढाबों में गैस की कमी के चलते खाना बनाना मुश्किल हो गया है जिससे स्टोव की मांग बढ़ी है।
- कैटरिंग और शादियां: शादियों के सीजन में कैटरिंग का काम करने वाले लोग गैस के विकल्प के तौर पर स्टोव खरीद रहे हैं।
- बढ़ती कीमतें: मांग में अचानक बढ़ोतरी होने से स्टोव की कीमतें भी काफी बढ़ गई हैं और यह अब 30,000 रुपये के आंकड़े को भी पार कर गई हैं।