Delhi: दिल्ली का मशहूर हौज खास विलेज, जो कभी अपने शानदार कैफे, फैशन बुटीक और नाइटलाइफ के लिए जाना जाता था, अब अपनी पुरानी चमक खो रहा है। यह इलाका अब सुरक्षा की समस्याओं, सस्ते बार और अपनी पहचान खोने के संकट से जूझ रहा है
Delhi: दिल्ली का मशहूर हौज खास विलेज, जो कभी अपने शानदार कैफे, फैशन बुटीक और नाइटलाइफ के लिए जाना जाता था, अब अपनी पुरानी चमक खो रहा है। यह इलाका अब सुरक्षा की समस्याओं, सस्ते बार और अपनी पहचान खोने के संकट से जूझ रहा है। जो जगह कभी शहर के रईसों और विदेशी सैलानियों की पहली पसंद थी, वहां अब हालात बदल चुके हैं।
हौज खास विलेज का इतिहास और विकास कैसे हुआ?
हौज खास का नाम ‘शाही तालाब’ से पड़ा है। अलाउद्दीन खिलजी ने यहां सिरी किले के लिए ‘हौज-ए-अलाई’ जलाशय बनवाया था, जिसके बाद फिरोज शाह तुगलक ने यहां मदरसा और मस्जिद जैसी इमारतें बनवाईं। आधुनिक दौर में 1980 के दशक में फैशन डिजाइनर बीना रमानी ने यहां अपना बुटीक खोला, जिससे यह इलाका मशहूर हुआ। 1990 के दशक में ‘बिस्ट्रो’ जैसे हाई-एंड रेस्तरां खुलने से यह न्यूयॉर्क के ग्रीनविच विलेज जैसा बन गया था और बॉलीवुड सितारों का पसंदीदा अड्डा बन गया था।
पतन के मुख्य कारण और सुरक्षा की स्थिति क्या है?
आजकल यहां ड्रग डीलर, जर्जर बार और सुरक्षा की कमी जैसी समस्याएं बढ़ गई हैं। जुलाई 2017 में आतंकी खतरों की खुफिया जानकारी मिलने के बाद दिल्ली पुलिस ने यहां सुरक्षा बढ़ाई थी और सीसीटीवी कैमरों की निगरानी के निर्देश दिए थे। महिलाओं ने भी खराब रोशनी और पुलिस गश्त की कमी को लेकर चिंता जताई है। दिल्ली हाई कोर्ट ने भी यहां आवासीय इलाकों में अनियंत्रित बार और रेस्तरां के विकास पर नाराजगी जताई थी, क्योंकि इनमें से ज्यादातर के पास अग्निशमन विभाग का एनओसी (NOC) नहीं था।
सीलिंग अभियान और स्थानीय लोगों का हाल
2017 में दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति (DPCC) ने एक बड़ा सीलिंग अभियान चलाया था, जिसमें 21 बार और रेस्तरां बंद कर दिए गए। स्थानीय दुकानदारों और निवासियों का कहना है कि इस कार्रवाई के बाद गांव फिर कभी पूरी तरह उबर नहीं पाया। बीना रमानी, जिन्होंने इस जगह को संवारने में बड़ी भूमिका निभाई थी, उन्होंने दुख जताया कि यह गांव अपनी पूरी क्षमता तक नहीं पहुंच सका।
Frequently Asked Questions (FAQs)
हौज खास विलेज का नाम कैसे पड़ा?
हौज का मतलब पानी की टंकी और खास का मतलब शाही होता है। अलाउद्दीन खिलजी ने यहां ‘हौज-ए-अलाई’ नामक जलाशय बनवाया था, जिससे इस जगह का नाम हौज खास पड़ा।
हौज खास विलेज में सुरक्षा को लेकर क्या समस्याएं हैं?
यहां ड्रग डीलिंग, खराब रोशनी वाली सड़कें और पुलिस गश्त की कमी जैसी समस्याएं हैं। साथ ही, कई व्यावसायिक इकाइयों के पास अग्निशमन विभाग का अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) भी नहीं है।