Delhi में ई-रिक्शा का विकल्प बनेंगी 7-सीटर इलेक्ट्रिक वैन, संकरी गलियों और गांवों तक पहुंचेगी सेवा
Delhi: दिल्ली सरकार राजधानी में लास्ट-माइल कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने के लिए एक नई योजना पर काम कर रही है। अब शहर की संकरी गलियों, गांवों और अनधिकृत कॉलोनियों में 7-सीटर इलेक्ट्रिक वैन चलाई जाएंगी। ये वैन उन इलाकों में प
Delhi: दिल्ली सरकार राजधानी में लास्ट-माइल कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने के लिए एक नई योजना पर काम कर रही है। अब शहर की संकरी गलियों, गांवों और अनधिकृत कॉलोनियों में 7-सीटर इलेक्ट्रिक वैन चलाई जाएंगी। ये वैन उन इलाकों में पहुंचेंगी जहां बड़ी बसें नहीं जा पातीं और ई-रिक्शा के विकल्प के तौर पर काम करेंगी।
यह योजना अभी शुरुआती स्तर पर है और इसे ‘ग्रामीण सेवा’ नेटवर्क की तर्ज पर चलाने की तैयारी है। परिवहन विभाग के अधिकारी इस पर काम कर रहे हैं और जल्द ही निजी ऑपरेटरों और EV निर्माताओं से बेहतर वाहन मॉडल के सुझाव मांगे जाएंगे। इन वैन का मकसद लोगों को कम किराए में साझा परिवहन देना है, जो अलग-अलग पिक-अप और ड्रॉप-ऑफ पॉइंट्स के जरिए फीडर सेवा की तरह काम करेंगी। सरकार का मानना है कि एक व्यवस्थित परमिट सिस्टम आने से ई-रिक्शा की बढ़ती संख्या को भी नियंत्रित किया जा सकेगा।
इस पहल के साथ-साथ दिल्ली सरकार ने परिवहन व्यवस्था में कई अन्य बदलाव भी किए हैं। 1 जुलाई 2026 को लागू हुई दिल्ली इलेक्ट्रिक वाहन (EV) नीति 2026 के तहत लक्ष्य रखा गया है कि 31 मार्च 2030 तक दिल्ली के कुल वाहनों में कम से कम 30% इलेक्ट्रिक हों। इसी कड़ी में 9 जुलाई 2026 को बेड़े में 300 नई इलेक्ट्रिक बसें जोड़ी गईं, जिनमें से 9 मीटर वाली बसों का इस्तेमाल DEVi सेवा के लिए किया जा रहा है। परिवहन मंत्री पंकज सिंह ने बताया कि अगले साल तक 500 सात-मीटर इलेक्ट्रिक बसें और लाई जाएंगी, जिनमें से 100 इस साल के अंत तक आ सकती हैं।
नई EV नीति के तहत सरकार ने कड़े नियम भी बनाए हैं। 1 जनवरी 2027 से नए डीजल या पेट्रोल वाले तिपहिया वाहनों और छोटे ट्रकों पर रोक लग जाएगी। वहीं 1 अप्रैल 2028 से नए पेट्रोल-डीजल दोपहिया वाहनों की एंट्री बंद होगी। आम जनता को प्रोत्साहित करने के लिए 30 लाख रुपये तक की इलेक्ट्रिक कारों पर 31 मार्च 2030 तक रोड टैक्स और रजिस्ट्रेशन फीस में 100% की छूट दी गई है। इसके अलावा, 10 साल पुराने डीजल और 15 साल पुराने पेट्रोल वाहनों को रेट्रोफिटिंग तकनीक से इलेक्ट्रिक में बदलने की सुविधा भी मिलेगी।