Delhi के सरकारी स्कूलों का बदलेगा चेहरा, ‘Mission Kayakalp’ से मिलेंगी आधुनिक सुविधाएं
Delhi: दिल्ली के सरकारी स्कूलों को अब और बेहतर और आधुनिक बनाया जा रहा है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने ‘Mission Kayakalp’ की शुरुआत की है, जिसका मकसद स्कूलों को सिर्फ पढ़ाई का केंद्र न रखकर उन्हें सुरक्षित, साफ
Delhi: दिल्ली के सरकारी स्कूलों को अब और बेहतर और आधुनिक बनाया जा रहा है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने ‘Mission Kayakalp’ की शुरुआत की है, जिसका मकसद स्कूलों को सिर्फ पढ़ाई का केंद्र न रखकर उन्हें सुरक्षित, साफ और प्रेरणादायक बनाना है। इस मुहिम में सरकार के साथ-साथ आम जनता और सामाजिक संस्थाओं का भी पूरा सहयोग मिल रहा है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि इस मिशन को जिला प्रशासन, शिक्षा विभाग और CSR के जरिए मदद करने वाली कंपनियों के साथ मिलकर लागू किया जा रहा है। इसमें मार्केट एसोसिएशन और स्थानीय समुदायों की भागीदारी भी शामिल है। सरकारी संसाधनों के साथ जब जनता का साथ मिला, तो स्कूलों में बदलाव की रफ्तार बढ़ गई है।
इस मिशन के पहले चरण में 26 स्कूलों को चुना गया है, जिनमें हर राजस्व जिले से दो स्कूल शामिल हैं। इन स्कूलों का कायाकल्प गर्मियों की छुट्टियों के दौरान किया गया ताकि जुलाई में नए सेशन की शुरुआत तक ये मॉडल स्कूल बन सकें। प्राथमिकता उन स्कूलों को दी गई जहां शौचालय टूटे हुए थे या साफ-सफाई की कमी थी।
कामों की बात करें तो स्कूलों में टॉयलेट्स की मरम्मत, साफ पीने के पानी के लिए RO प्लांट और वाटर कूलर लगाना, दीवारों की पुताई, क्लासरूम का रखरखाव और कैंपस की खूबसूरती बढ़ाने पर जोर दिया गया है।
उत्तर जिले में शंकरাচার্য मार्ग के एक स्कूल में विशेष बच्चों के लिए सेंसरी पार्क बनाया गया और करीब 16.20 लाख रुपये की लागत से RO प्लांट और वाटर कूलर लगाए गए। वहीं रूप नगर के सरकारी स्कूल में फिजिक्स लैब को आधुनिक बनाया गया है। दक्षिण जिले के रामानुजन सर्वोदय कन्या विद्यालय, महरौली में करीब 48.73 लाख रुपये और सर्वोदय को-एड सीनियर सेकेंडरी स्कूल, कुतुब महरौली में लगभग 98.58 लाख रुपये खर्च कर टॉयलेट्स और अन्य बुनियादी सुविधाओं को ठीक किया गया है।
इस पूरे काम को समय पर पूरा करने के लिए जिला मजिस्ट्रेट को शिक्षा विभाग और PWD के साथ तालमेल बिठाने के निर्देश दिए गए थे। बड़े प्रोजेक्ट्स के लिए शिक्षा विभाग के बजट का इस्तेमाल किया गया, जबकि कुछ स्कूलों में CSR फंड की मदद ली गई है।