Delhi: राजधानी में बढ़ती गर्मी और हीटवेव से लोगों को बचाने के लिए दिल्ली सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री Rekha Gupta ने बुधवार, 6 मई 2026 को दिल्ली सचिवालय से 13 Mobile Heat Relief Units को हरी झंडी दिखाकर रवाना
Delhi: राजधानी में बढ़ती गर्मी और हीटवेव से लोगों को बचाने के लिए दिल्ली सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री Rekha Gupta ने बुधवार, 6 मई 2026 को दिल्ली सचिवालय से 13 Mobile Heat Relief Units को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। ये गाड़ियां शहर के उन इलाकों में जाएंगी जहां लोग सबसे ज्यादा गर्मी झेलते हैं, ताकि उन्हें मौके पर ही जरूरी मदद मिल सके।
इन मोबाइल यूनिट्स में क्या-क्या सुविधाएं मिलेंगी?
ये मोबाइल यूनिट्स सुबह 11 बजे से शाम 6 बजे तक दिल्ली के अलग-अलग हिस्सों में चलेंगी। इनमें साफ पीने का पानी, ORS के पैकेट और फर्स्ट एड की सुविधा होगी। इसके अलावा, धूप से बचने के लिए लोगों को सूती गमछे और कैप भी बांटे जाएंगे। सरकार का लक्ष्य है कि हर जिले में रोजाना करीब 1,000 ORS पैकेट, 300 गमछे और 200 कैप बांटे जाएं। ये गाड़ियां मुख्य रूप से बस स्टैंड, बाजारों, लेबर हब और झुग्गी बस्तियों में तैनात रहेंगी।
Heat Action Plan 2026 के तहत क्या नियम लागू हुए?
मुख्यमंत्री ने इस मौके पर Heat Action Plan 2026 की बुकलेट भी जारी की। इसके तहत सरकारी और प्राइवेट सेक्टर के मालिकों को निर्देश दिया गया है कि दोपहर 1 बजे से 4 बजे के बीच मजदूरों को अनिवार्य आराम दिया जाए। स्कूलों में ‘वॉटर बेल’ सिस्टम लागू किया गया है ताकि बच्चे समय-समय पर पानी पीते रहें। साथ ही, दोपहर की असेंबली और आउटडोर खेलों को रद्द करने को कहा गया है।
अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों की क्या तैयारी है?
गर्मी से होने वाली बीमारियों के इलाज के लिए 339 से ज्यादा स्वास्थ्य केंद्रों पर ORS और आइस पैक रखे गए हैं। करीब 30 से ज्यादा अस्पतालों में लू (heatstroke) के मरीजों के लिए अलग से ‘कूल रूम’ बनाए गए हैं। मुख्यमंत्री Rekha Gupta ने कहा कि सरकार का लक्ष्य साल 2030 तक हीटवेव से होने वाली मौतों को जीरो तक लाना है। आपातकालीन स्थिति में नागरिक 112 हेल्पलाइन नंबर पर कॉल कर मदद ले सकते हैं।
Frequently Asked Questions (FAQs)
मोबाइल हीट रिलीफ यूनिट्स का समय क्या है और ये कहां मिलेंगी?
ये यूनिट्स रोजाना सुबह 11 बजे से शाम 6 बजे तक चलेंगी। ये मुख्य रूप से दिल्ली के बस स्टैंड, बाजारों, लेबर हब और झुग्गी बस्तियों जैसे भीड़भाड़ वाले इलाकों में तैनात रहेंगी।
गर्मी से बचाव के लिए सरकार ने मजदूरों और छात्रों के लिए क्या निर्देश दिए हैं?
मजदूरों के लिए दोपहर 1 से 4 बजे तक अनिवार्य आराम का नियम है। स्कूलों में बच्चों के लिए ‘वॉटर बेल’ सिस्टम शुरू किया गया है और दोपहर की असेंबली व बाहरी खेलों पर रोक लगाई गई है।