Delhi के 75 ऐतिहासिक स्मारकों को गोद ले सकेंगी कंपनियां और NGO, सरकार देगी 2 करोड़ तक का अनुदान
Delhi: दिल्ली की पुरानी विरासतों को सहेजने के लिए सरकार ने एक नई पहल शुरू की है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘विकास भी, विरासत भी’ विज़न के तहत दिल्ली सरकार ने ‘हमारे स्मारक, हमारा गौरव’ अभियान को मंजूरी दी है। इस योजना
Delhi: दिल्ली की पुरानी विरासतों को सहेजने के लिए सरकार ने एक नई पहल शुरू की है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘विकास भी, विरासत भी’ विज़न के तहत दिल्ली सरकार ने ‘हमारे स्मारक, हमारा गौरव’ अभियान को मंजूरी दी है। इस योजना का मकसद शहर के ऐतिहासिक स्मारकों को बेहतर बनाना और उन्हें पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करना है।
इस अभियान के तहत दो मुख्य योजनाओं पर काम किया जाएगा। पहली योजना के मुताबिक, दिल्ली के 75 ऐतिहासिक स्मारकों को निजी कंपनियां, PSU, ट्रस्ट और NGO अगले 5 सालों के लिए गोद ले सकेंगे। जो संस्थाएं इन्हें गोद लेंगी, उन्हें ‘स्मारक मित्र’ कहा जाएगा।
दूसरी योजना स्मारकों के रखरखाव और मरम्मत से जुड़ी है। इसके तहत पात्र संस्थाओं को स्मारकों के मूल संरक्षण और जीर्णोद्धार के लिए 2 करोड़ रुपये तक का अनुदान दिया जाएगा। सरकार चाहती है कि आम लोगों की भागीदारी से इन विरासतों को एक नई पहचान मिले और ये सांस्कृतिक केंद्रों के रूप में उभरें।
रेखा गुप्ता ने इस जानकारी को साझा करते हुए बताया कि इस कोशिश से दिल्ली की आने वाली पीढ़ी को अपनी विरासत को और बेहतर तरीके से देखने और समझने का मौका मिलेगा।