Delhi: दिल्ली में आग लगने की बढ़ती घटनाओं को देखते हुए दिल्ली अग्निशमन सेवा (DFS) अब अपनी कार्यप्रणाली को पूरी तरह बदलने जा रही है। इस साल से फायर ब्रिगेड की सेवाओं में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और नई टेक्नोलॉजी का इस्
Delhi: दिल्ली में आग लगने की बढ़ती घटनाओं को देखते हुए दिल्ली अग्निशमन सेवा (DFS) अब अपनी कार्यप्रणाली को पूरी तरह बदलने जा रही है। इस साल से फायर ब्रिगेड की सेवाओं में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और नई टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल होगा। इसका सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि आग लगने की सूचना मिलते ही गाड़ियां कम समय में मौके पर पहुंच सकेंगी।
नई तकनीक से कैसे बदलेगी फायर ब्रिगेड की सर्विस?
DFS अब एक केंद्रीकृत कमान और नियंत्रण केंद्र बनाएगा। इसमें AI, GPS और भौगोलिक सूचना प्रणाली (GIS) जैसी आधुनिक तकनीकों का इस्तेमाल होगा। उप मुख्य अग्निशमन अधिकारी ए. के. मलिक ने बताया कि अभी कई काम मैनुअल तरीके से होते हैं जिससे देरी होती है। नई प्रणाली से कॉल और संसाधनों की रियल टाइम ट्रैकिंग होगी और सबसे पास खड़ी गाड़ी को सबसे छोटे रास्ते से घटनास्थल पर भेजा जा सकेगा।
गाड़ियों में लगेंगे कैमरे और एमडीटी, संचार होगा मजबूत
फायर ब्रिगेड की गाड़ियों में अब मोबाइल डेटा टर्मिनल (MDT) और कैमरे लगाए जाएंगे। इससे DFS मुख्यालय से हर गाड़ी की लाइव निगरानी की जा सकेगी। साथ ही, संचार नेटवर्क को बेहतर बनाने के लिए नए वायरलेस सेट खरीदे जा रहे हैं और शहर में अतिरिक्त टावर लगाने की तैयारी है। गृह मंत्री आशीष सूद के अनुसार, सरकार ने इस आधुनिकीकरण के लिए काफी बजट दिया है और पिछले छह महीनों में नया संचार नेटवर्क शुरू भी कर दिया है।
कर्मियों और केंद्रों की मौजूदा स्थिति क्या है?
गृह मंत्रालय की स्थायी अग्नि सलाहकार समिति के नियमों के मुताबिक, दिल्ली जैसे शहर के लिए लगभग 24,000 कर्मियों और 120 अग्निशमन केंद्रों की जरूरत है। लेकिन फिलहाल DFS के पास केवल 71 केंद्र हैं और वहां 2,459 परिचालन कर्मचारी काम कर रहे हैं। उपराज्यपाल तरणजीत सिंह संधू ने बुनियादी ढांचे को सुधारने और कर्मियों की क्षमता बढ़ाने की समीक्षा की है। साथ ही, दिल्ली अग्निशमन सेवा नियम 2010 में बदलाव के लिए व्यापारियों और निवासियों से सलाह ली जा रही है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
दिल्ली फायर ब्रिगेड में AI और GPS का क्या फायदा होगा?
इससे आग लगने पर रिस्पॉन्स टाइम कम होगा। GPS और GIS की मदद से फायर ब्रिगेड की गाड़ियों को सबसे छोटा और सही रास्ता मिलेगा, जिससे वे जल्दी मौके पर पहुंच सकेंगी।
DFS के पास वर्तमान में कितने कर्मचारी और केंद्र हैं?
वर्तमान में DFS के पास 71 अग्निशमन केंद्र और 2,459 परिचालन कर्मचारी हैं, जबकि जरूरत 120 केंद्रों और 24,000 कर्मियों की है।