Delhi में अब डिजिटल रुपये से मिलेगा राशन, 1 सितंबर से 36 दुकानों पर शुरू होगा पायलट प्रोजेक्ट
Delhi: दिल्ली सरकार राशन वितरण प्रणाली में बड़ा बदलाव करने जा रही है। अब शहर की चुनिंदा सरकारी दुकानों पर राशन लेने के लिए डिजिटल रुपये (CBDC) का इस्तेमाल होगा। यह पायलट प्रोजेक्ट 1 सितंबर 2026 से शुरू किया जाएगा, जिससे
Delhi: दिल्ली सरकार राशन वितरण प्रणाली में बड़ा बदलाव करने जा रही है। अब शहर की चुनिंदा सरकारी दुकानों पर राशन लेने के लिए डिजिटल रुपये (CBDC) का इस्तेमाल होगा। यह पायलट प्रोजेक्ट 1 सितंबर 2026 से शुरू किया जाएगा, जिससे राशन वितरण में पारदर्शिता आएगी और भ्रष्टाचार पर लगाम लगेगी।
इस नई व्यवस्था के तहत दिल्ली सरकार लाभार्थियों के आधार से जुड़े बैंक खातों में सीधे डिजिटल मुद्रा भेजेगी। राशन कार्ड धारक क्यूआर कोड (QR Code) के जरिए भुगतान करके अपना राशन ले सकेंगे। पहले चरण में 5 जिलों की 36 दुकानों को चुना गया है, जिनमें से हर दुकान पर केवल 25 लाभार्थियों को इस योजना का लाभ दिया जाएगा।
खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री मंजिंदर सिंह सिरसा ने बताया कि इस सिस्टम से राशन वितरण में होने वाली गड़बड़ियों और कुप्रबंधन को खत्म किया जा सकेगा। इसके लिए नई e-POS मशीनें लगाई जा रही हैं, जिनमें चेहरा पहचानने (Facial Authentication) और क्यूआर कोड पढ़ने जैसी आधुनिक सुविधाएं होंगी। भविष्य में इन मशीनों को वजन करने वाली मशीनों से भी जोड़ा जाएगा ताकि अनाज की सही मात्रा मिले।
राशन वितरण की इस नई व्यवस्था से जुड़ी मुख्य बातें नीचे दी गई हैं:
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| शुरुआत की तारीख | 1 सितंबर 2026 |
| कुल चयनित दुकानें | 36 (सेंट्रल, ईस्ट, साउथ, वेस्ट में 6-6 और नई दिल्ली में 12) |
| शुरुआती लाभार्थी | हर दुकान से 25 राशन कार्ड धारक |
| तकनीक | CBDC (डिजिटल रुपया) और QR कोड |
| आय सीमा में बदलाव | राशन कार्ड के लिए सालाना आय सीमा 1.2 लाख से बढ़ाकर 2.5 लाख रुपये की गई |
| मशीन प्रदाता | Linkwell कंपनी (Visiontech ब्रांड) |
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और सरकार ने यह भी साफ किया है कि आय सीमा बढ़ाने के फैसले से अब लाखों और परिवार पीडीएस (PDS) के दायरे में आएंगे। वर्तमान में इसी तरह के डिजिटल रुपये के प्रयोग गुजरात और पुडुचेरी में भी किए जा रहे हैं। धीरे-धीरे इस सिस्टम को सभी राशन दुकानों और निजी बैंकों के साथ जोड़ा जाएगा।