Delhi-Dehradun Expressway पर मानसून से पहले ही टपकने लगा पानी, 12 हजार करोड़ की लागत से बनी सड़क की क्वालिटी पर उठे सवाल
Delhi/Uttarakhand: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 14 अप्रैल 2026 को दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का उद्घाटन किया था। लेकिन इस बड़े प्रोजेक्ट को चालू हुए अभी तीन महीने भी नहीं बीते हैं और इसकी क्वालिटी को लेकर शिकायतें आने ल
Delhi/Uttarakhand: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 14 अप्रैल 2026 को दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का उद्घाटन किया था। लेकिन इस बड़े प्रोजेक्ट को चालू हुए अभी तीन महीने भी नहीं बीते हैं और इसकी क्वालिटी को लेकर शिकायतें आने लगी हैं। मानसून शुरू होने से पहले ही एक्सप्रेसवे के स्लैब से पानी टपकने की खबरें सामने आई हैं, जिससे आम जनता और यात्रियों के बीच चिंता बढ़ गई है।
लगभग 12 हजार करोड़ से 13 हजार करोड़ रुपये की भारी भरकम लागत से बने इस एक्सप्रेसवे का मकसद दिल्ली और देहरादून के बीच सफर के समय को कम करना था। हालांकि, संचालन के शुरुआती समय में ही स्लैब से पानी का रिसाव होना निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल खड़े कर रहा है। इससे पहले जुलाई 2025 में भी पहली बारिश के बाद सिंकहोल और स्ट्रक्चरल डैमेज की खबरें आई थीं, जिसके बाद ठेकेदारों की जवाबदेही तय करने और जांच की मांग उठी थी।
NHAI के तहत बने इस एक्सप्रेसवे पर सिर्फ निर्माण की ही नहीं, बल्कि अन्य समस्याएं भी बनी हुई हैं। मंडोला गांव में जमीन विवाद के कारण एक एग्जिट रैंप अभी तक पूरी तरह चालू नहीं हो पाया है, जिससे NHAI जनवरी 2026 से वाकिफ है और मामला कोर्ट में लंबित है। इसके अलावा, उद्घाटन के कुछ समय बाद ही एक्सप्रेसवे पर बने वॉशरूम में तोड़फोड़ और चोरी की घटनाएं भी रिपोर्ट की गई हैं। हाल ही में 29 जून 2026 को इस मार्ग पर एक जानलेवा सड़क हादसा भी हुआ है।