Delhi: चांदनी चौक के ऐतिहासिक नवग्रह मंदिर से चोरी हुई भगवान शनिदेव की प्राचीन अष्टधातु मूर्ति पुलिस ने बरामद कर ली है. यह चोरी 11 और 12 मई 2026 की दरमियानी रात को हुई थी. पुलिस ने इस मामले में दो लोगों को गिरफ्तार किया
Delhi: चांदनी चौक के ऐतिहासिक नवग्रह मंदिर से चोरी हुई भगवान शनिदेव की प्राचीन अष्टधातु मूर्ति पुलिस ने बरामद कर ली है. यह चोरी 11 और 12 मई 2026 की दरमियानी रात को हुई थी. पुलिस ने इस मामले में दो लोगों को गिरफ्तार किया है, जिनमें एक शातिर चोर और एक कबाड़ वाली महिला शामिल है.
मूर्ति की चोरी और रिकवरी कैसे हुई?
कोटवाली इलाके के 104 साल पुराने प्राचीन श्री शिव नवग्रह मंदिर से शनिदेव की अष्टधातु मूर्ति के साथ छत्र, गदा, पीतल की प्लेट और दो दीये चोरी हुए थे. मंदिर के पुजारी मुकेश शर्मा ने इसकी शिकायत दर्ज कराई थी. पुलिस की टीम ने इलाके के 300 से ज्यादा CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली, जिसके बाद आरोपियों का सुराग मिला और मूर्ति बरामद कर ली गई.
कौन हैं गिरफ्तार आरोपी और क्या है मूर्ति की कीमत?
पुलिस ने दिलशाद उर्फ बंटा (45) को गिरफ्तार किया है, जिस पर पहले से चोरी के 15 मामले दर्ज हैं. दिलशाद ने करीब 6 लाख रुपये की इस प्राचीन मूर्ति को एक महिला कबाड़ वाली को महज 3800 रुपये में बेच दिया था. पुलिस ने उस महिला को भी गिरफ्तार कर लिया है, जो पहले भी 2022 में एक चोरी के मामले में शामिल रही थी.
महा शनि जयंती से पहले मिली राहत
यह बरामदगी 15 मई 2026 को हुई, जो कि महा शनि जयंती (16 मई) से ठीक एक दिन पहले थी. दिल्ली पुलिस के मुताबिक, धार्मिक महत्व को देखते हुए मूर्ति की रिकवरी को प्राथमिकता दी गई थी. पुजारी अब कानूनी प्रक्रिया पूरी कर मूर्ति वापस लेंगे, जिसके बाद 16 मई को अभिषेक और शोभा यात्रा निकाली जाएगी.
Frequently Asked Questions (FAQs)
शनिदेव की मूर्ति की अनुमानित कीमत कितनी है और इसे कितने में बेचा गया?
मूर्ति की अनुमानित कीमत करीब 6 लाख रुपये बताई जा रही है, लेकिन चोर ने इसे एक कबाड़ वाली महिला को मात्र 3800 रुपये में बेच दिया था.
पुलिस ने आरोपियों को कैसे पकड़ा?
कोटवाली पुलिस स्टेशन की टीम ने मंदिर और आसपास के रास्तों पर लगे 300 से अधिक CCTV कैमरों की फुटेज की जांच की, जिससे आरोपियों की पहचान हुई.