Delhi: दिल्ली सरकार ने Census 2027 के पहले चरण के लिए 15 दिनों का एक विशेष जागरूकता अभियान शुरू किया है। यह कैंपेन 7 मई से 21 मई 2026 तक चलेगा, जिसका मकसद लोगों को जनगणना की प्रक्रिया के बारे में बताना है। शहर के अलग-अलग
Delhi: दिल्ली सरकार ने Census 2027 के पहले चरण के लिए 15 दिनों का एक विशेष जागरूकता अभियान शुरू किया है। यह कैंपेन 7 मई से 21 मई 2026 तक चलेगा, जिसका मकसद लोगों को जनगणना की प्रक्रिया के बारे में बताना है। शहर के अलग-अलग इलाकों में मोबाइल वैन के जरिए लोगों को जागरूक किया जा रहा है ताकि डेटा सही तरीके से इकट्ठा हो सके।
जनगणना की प्रक्रिया और जरूरी तारीखें क्या हैं
Census 2027 का पहला चरण, जिसे Houselisting and Housing Census (HLO) कहा जाता है, 1 अप्रैल 2026 को शुरू हो चुका है और यह सितंबर 2026 तक चलेगा। MCD इलाकों में सेल्फ-एन्यूमरेशन (खुद जानकारी भरना) 1 मई से 15 मई 2026 तक खुला है। इसके बाद 16 मई से 14 जून 2026 तक कर्मचारी घर-घर जाकर जानकारी जुटाएंगे। जनगणना का दूसरा चरण यानी जनसंख्या गणना फरवरी 2027 में होगी।
आम लोग कैसे हिस्सा ले सकते हैं और क्या नियम हैं
नागरिक आधिकारिक पोर्टल se.census.gov.in पर जाकर अपनी जानकारी खुद भर सकते हैं। सेल्फ-एन्यूमरेशन के लिए किसी दस्तावेज की जरूरत नहीं है। जिन्होंने खुद जानकारी भरी है, उन्हें अपना सेल्फ-एन्यूमरेशन आईडी (SE ID) संभाल कर रखना होगा और घर आने वाले कर्मचारी को बताना होगा। इस प्रक्रिया में कुल 33 सवाल पूछे जाएंगे, जिनमें घर की स्थिति और सुविधाओं की जानकारी होगी। यह सारी जानकारी गोपनीय रखी जाएगी और इसे कोर्ट में सबूत के तौर पर इस्तेमाल नहीं किया जा सकता।
जागरूकता अभियान के लिए क्या इंतजाम किए गए हैं
इस अभियान के लिए 6 मोबाइल वैन तैनात की गई हैं, जिनमें LED स्क्रीन और सेल्फी पॉइंट लगाए गए हैं। ये वैन दिल्ली के 180 चुनिंदा स्थानों पर जाएंगी, जिनमें रोजाना 12 जगह कवर की जाएंगी। 8 मई को ये वैन उत्तम नगर, साकेत, राजीव चौक, दिल्ली यूनिवर्सिटी नॉर्थ कैंपस, द्वारका और लक्ष्मी नगर जैसे इलाकों में पहुंचेंगी। मुख्यमंत्री Rekha Gupta और LG Taranjit Singh Sandhu ने भी लोगों से इस प्रक्रिया में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने की अपील की है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
सेल्फ-एन्यूमरेशन के लिए आवेदन कैसे करें और आखिरी तारीख क्या है?
लोग आधिकारिक पोर्टल se.census.gov.in पर जाकर अपनी जानकारी भर सकते हैं। MCD क्षेत्रों के लिए यह सुविधा 1 मई से 15 मई 2026 तक उपलब्ध है।
क्या जनगणना के दौरान दी गई जानकारी सुरक्षित रहेगी?
हाँ, एकत्रित की गई जानकारी पूरी तरह गोपनीय है। इसे RTI एक्ट के तहत सार्वजनिक नहीं किया जा सकता और न ही कोर्ट में सबूत के तौर पर पेश किया जा सकता है।