Delhi: द्वारका एंटी नारकोटिक्स सेल के पूर्व इंचार्ज इंस्पेक्टर Subhash Yadav अब CBI के शिकंजे में हैं। उन पर रिश्वत और वसूली का एक बड़ा नेटवर्क चलाने का आरोप है। जांच में सामने आया है कि यह मामला सिर्फ एक इंस्पेक्टर तक स
Delhi: द्वारका एंटी नारकोटिक्स सेल के पूर्व इंचार्ज इंस्पेक्टर Subhash Yadav अब CBI के शिकंजे में हैं। उन पर रिश्वत और वसूली का एक बड़ा नेटवर्क चलाने का आरोप है। जांच में सामने आया है कि यह मामला सिर्फ एक इंस्पेक्टर तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें कुछ बड़े IPS अधिकारियों के संरक्षण की बात भी सामने आ रही है।
कैसे खुला रिश्वतखोरी का यह खेल
इस पूरे मामले की शुरुआत 21 अप्रैल 2026 को हुई, जब उत्तम नगर के एक निवासी ने शिकायत की। आरोप था कि नारकोटिक्स सेल के अधिकारियों ने उनके घर छापा मारा और फर्जी ड्रग्स केस में फंसाने की धमकी देकर 25 लाख रुपये मांगे। बाद में यह रकम घटाकर 15 लाख रुपये कर दी गई। इस दौरान हेड कॉन्स्टेबल Ajay को 2 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया, जिसके बाद CBI ने केस दर्ज किया।
इंस्पेक्टर सुभाष यादव की गिरफ्तारी और बरामदगी
शुरुआती छापेमारी के दौरान इंस्पेक्टर Subhash Yadav फरार हो गए थे, लेकिन 11 मई 2026 को उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। उनके ऑफिस से करीब 48.9 लाख रुपये नकद बरामद हुए। CBI ने कोर्ट को बताया कि छापेमारी के वक्त यादव और यूनिट के अन्य अधिकारियों के बीच लगातार फोन पर बातचीत हो रही थी। स्पेशल जज विजेता सिंह रावत ने उनकी पुलिस कस्टडी को बढ़ाया है।
बड़े अधिकारियों के लिंक और संदिग्ध संपत्ति
CBI अब इस बात की जांच कर रही है कि इंस्पेक्टर यादव को किन बड़े अफसरों का साथ मिल रहा था। जांच के घेरे में तीन सीनियर IPS अधिकारी हैं, जिनमें द्वारका जिले के दो पूर्व DCP भी शामिल हैं। एजेंसी 100 करोड़ रुपये से ज्यादा के संदिग्ध लेन-देन और बेनामी संपत्तियों की पड़ताल कर रही है। दिल्ली पुलिस मुख्यालय ने भी इस मामले में विभागीय कार्रवाई शुरू कर दी है और भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की बात कही है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
इंस्पेक्टर सुभाष यादव पर क्या आरोप हैं?
उन पर रिश्वतखोरी और वसूली नेटवर्क चलाने का आरोप है। एक शिकायत के मुताबिक, उन्होंने ड्रग्स केस में न फंसाने के बदले 15 से 25 लाख रुपये की मांग की थी।
CBI को छापेमारी में कितनी रकम मिली?
CBI ने इंस्पेक्टर सुभाष यादव के ऑफिस रूम से लगभग 48.9 लाख रुपये नकद बरामद किए हैं।