Delhi: उत्तर दिल्ली के बुराड़ी इलाके में एक दो साल की बच्ची की नाले में डूबने से मौत हो गई। यह हादसा मुकुंदपुर के गुज्जर चौक और रामलीला ग्राउंड के बीच हुआ। इस घटना के बाद प्रशासन में हड़कंप मच गया है और अब इस बात पर बहस
Delhi: उत्तर दिल्ली के बुराड़ी इलाके में एक दो साल की बच्ची की नाले में डूबने से मौत हो गई। यह हादसा मुकुंदपुर के गुज्जर चौक और रामलीला ग्राउंड के बीच हुआ। इस घटना के बाद प्रशासन में हड़कंप मच गया है और अब इस बात पर बहस छिड़ गई है कि नाले की देखरेख की जिम्मेदारी किसकी थी।
नाले की देखरेख को लेकर क्या था विवाद
जांच में सामने आया है कि Irrigation and Flood Control (I&FC) विभाग ने पिछले साल जुलाई 2025 में ही MCD को एक चिट्ठी भेजी थी। इसमें कहा गया था कि इस नाले का रखरखाव MCD संभाले। दरअसल, 2014 में LG के एक आदेश के मुताबिक, अनधिकृत कॉलोनियों में 4 फीट से कम चौड़ाई वाले नालों की सफाई और देखरेख की जिम्मेदारी नगर निगम (MCD) की होती है, चाहे उसे किसी भी एजेंसी ने बनाया हो।
CM रेखा गुप्ता ने क्या एक्शन लिया
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इस घटना को बहुत दुखद और लापरवाही भरा बताया। उन्होंने 5 मई 2026 को सख्त निर्देश देते हुए I&FC विभाग के एक कॉन्ट्रैक्ट जूनियर इंजीनियर को नौकरी से निकाल दिया। CM ने सभी विभागों को आदेश दिया है कि वे अपने इलाके के सभी खुले नालों और खतरनाक जगहों की पहचान कर उन्हें तुरंत ठीक करें ताकि आगे ऐसे हादसे न हों।
परिजनों और स्थानीय लोगों के आरोप
मृतक बच्ची के परिवार और इलाके के लोगों का कहना है कि हाल ही में नाले की सफाई हुई थी, लेकिन उसके बाद कंक्रीट के स्लैब वापस नहीं लगाए गए। लोगों ने पहले भी इस खतरे की शिकायत की थी, लेकिन किसी ने ध्यान नहीं दिया। दिल्ली पुलिस मामले की जांच कर रही है और फिलहाल इसमें किसी साजिश का शक नहीं है, लेकिन लापरवाही की जांच जारी है।
Frequently Asked Questions (FAQs)
बच्ची की मौत कैसे हुई और घटना कब की है
यह घटना लगभग 3 मई 2026 को हुई, जब बुराड़ी के मुकुंदपुर इलाके में एक दो साल की बच्ची खुले नाले में डूब गई। परिजनों का आरोप है कि सफाई के बाद नाले को ढका नहीं गया था।
नाले के रखरखाव की जिम्मेदारी किसकी थी
LG के 2014 के आदेश के अनुसार 4 फीट से कम चौड़े नालों की जिम्मेदारी MCD की होती है। I&FC विभाग ने जुलाई 2025 में ही MCD को इस नाले को संभालने के लिए पत्र लिखा था।