Delhi: नागरिक विमानन मंत्री Ram Mohan Naidu ने दिल्ली एयरपोर्ट पर एक बड़ी मीटिंग की। इस बैठक का मकसद दिल्ली एयरपोर्ट को एक ग्लोबल हब बनाना है ताकि छोटे शहरों के लोग आसानी से विदेश जा सकें। सरकार अब यहाँ ‘Hub-and-Sp
Delhi: नागरिक विमानन मंत्री Ram Mohan Naidu ने दिल्ली एयरपोर्ट पर एक बड़ी मीटिंग की। इस बैठक का मकसद दिल्ली एयरपोर्ट को एक ग्लोबल हब बनाना है ताकि छोटे शहरों के लोग आसानी से विदेश जा सकें। सरकार अब यहाँ ‘Hub-and-Spoke’ मॉडल लागू करने की तैयारी में है, जिससे यात्रियों का सफर कम थकाऊ और आसान हो जाएगा।
Hub-and-Spoke मॉडल क्या है और यात्रियों को क्या फायदा होगा?
इस नए सिस्टम में छोटे शहरों (Spoke) के यात्रियों को पहले दिल्ली जैसे बड़े एयरपोर्ट (Hub) लाया जाएगा और फिर वहां से उन्हें अंतरराष्ट्रीय फ्लाइट्स में भेजा जाएगा। यात्रियों को अब एयरपोर्ट पर बार-बार सामान उठाने या लंबी लाइनों में लगने की जरूरत नहीं होगी।
- छोटे शहर के एयरपोर्ट पर ही इंटरनेशनल बोर्डिंग पास और इमिग्रेशन की प्रक्रिया पूरी हो जाएगी।
- सामान (Baggage) को एयरसाइड ही ट्रांसफर कर दिया जाएगा, यात्री को इसे दोबारा संभालने की जरूरत नहीं होगी।
- छोटे शहरों से आने वाले यात्रियों को दो बोर्डिंग पास मिलेंगे, एक घरेलू उड़ान के लिए और दूसरा अंतरराष्ट्रीय उड़ान के लिए।
इस योजना से आम लोगों और देश को क्या लाभ मिलेगा?
मंत्री Ram Mohan Naidu ने बताया कि भारत की भौगोलिक स्थिति इसे दुनिया का ट्रांजिट हब बनाने के लिए सबसे सही है। अभी भारत के करीब 35% यात्री दुबई, लंदन और सिंगापुर जैसे विदेशी हब के जरिए विदेश जाते हैं, जिसे अब भारत में ही रोकने की योजना है।
| मुख्य लक्ष्य |
संभावित प्रभाव/फायदा |
| रोजगार |
2047 तक करीब 1.6 करोड़ प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष नौकरियां |
| अर्थव्यवस्था |
भारतीय अर्थव्यवस्था में 1.4 ट्रिलियन अमेरिकी डॉलर का योगदान |
| कनेक्टिविटी |
UDAN स्कीम के तहत Tier II और III शहरों को ग्लोबल कनेक्शन |
| प्रमुख हब शहर |
Delhi, Mumbai, Bengaluru, Hyderabad, Kolkata और Chennai |
तैयारियों के लिए क्या कदम उठाए गए हैं?
मंत्री ने दिल्ली एयरपोर्ट के Terminal 3 का दौरा किया और सुरक्षा जांच क्षेत्र (SHA) का निरीक्षण किया। दिल्ली एयरपोर्ट (DIAL) ने यात्रियों के जल्दी ट्रांसफर के लिए ‘स्लॉट बैंक’ बनाने का काम शुरू कर दिया है। इस पूरी रणनीति में गृह मंत्रालय, Customs, DGCA और CISF जैसे कई विभाग मिलकर काम कर रहे हैं ताकि यात्रियों को कोई दिक्कत न हो।