Delhi: भारतीय खुफिया एजेंसियों ने एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए दाऊद इब्राहिम के बेहद करीबी मोहम्मद सलीम डोला को तुर्की से भारत प्रत्यर्पित कर लिया है। मंगलवार, 28 अप्रैल 2026 को डोला को एक विशेष विमान से दिल्ली के टेक्
Delhi: भारतीय खुफिया एजेंसियों ने एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए दाऊद इब्राहिम के बेहद करीबी मोहम्मद सलीम डोला को तुर्की से भारत प्रत्यर्पित कर लिया है। मंगलवार, 28 अप्रैल 2026 को डोला को एक विशेष विमान से दिल्ली के टेक्निकल एयरपोर्ट पर उतारा गया। वह डी-कंपनी के फाइनेंस और लॉजिस्टिक्स का मुख्य सदस्य था और विदेशों से ड्रग्स का बड़ा नेटवर्क चला रहा था।
सलीम डोला कौन है और क्या है उसका क्राइम रिकॉर्ड
मोहम्मद सलीम डोला दाऊद इब्राहिम का खास सहयोगी है। वह दुबई और तुर्की के जरिए दुनिया भर में सिंथेटिक ड्रग्स जैसे मेफेड्रोन (MD), फेंटानिल और हेरोइन की सप्लाई करता था। उस पर 1 लाख रुपये का इनाम घोषित था। उसके परिवार के सदस्य ताहिर डोला और मुस्तफा कुब्बावाला को 2025 में ही UAE से भारत लाया जा चुका है।
कैसे हुआ ‘ऑपरेशन ग्लोबल-हंट’ और गिरफ्तारी
सीबीआई के अनुरोध पर इंटरपोल ने मार्च 2024 में डोला के खिलाफ रेड नोटिस जारी किया था। इसके बाद भारतीय एजेंसियों और तुर्की की राष्ट्रीय खुफिया एजेंसी के साझा अभियान ‘ऑपरेशन ग्लोबल-हंट’ के तहत उसे इस्तांबुल के बेयलिकदुज़ु जिले के एक फ्लैट से पकड़ा गया। इस पूरे ऑपरेशन में NCB, CBI, मुंबई पुलिस और ED जैसी संस्थाओं ने मिलकर काम किया।
सरकार की नीति और आगे की कार्रवाई
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने NCB की इस सफलता की तारीफ की है। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार की नार्को सिंडिकेट के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति है और ड्रग तस्कर चाहे कहीं भी छिपे हों, वे सुरक्षित नहीं हैं। फिलहाल सलीम डोला से दिल्ली में पूछताछ चल रही है, जिसके बाद उसे आगे की जांच के लिए मुंबई पुलिस या NCB को सौंपा जाएगा।
Frequently Asked Questions (FAQs)
सलीम डोला को भारत कैसे लाया गया?
सलीम डोला को ‘ऑपरेशन ग्लोबल-हंट’ के तहत तुर्की की सुरक्षा एजेंसियों और भारतीय एजेंसियों के सहयोग से पकड़ा गया। इंटरपोल रेड नोटिस के बाद उसे मंगलवार, 28 अप्रैल 2026 को विशेष विमान से दिल्ली लाया गया।
सलीम डोला का डी-कंपनी में क्या रोल था?
वह डी-कंपनी के फाइनेंस और लॉजिस्टिक्स का अहम सदस्य था। वह दुबई और तुर्की से संचालित एक वैश्विक ड्रग नेटवर्क चलाता था, जिसमें एमडी, फेंटानिल और हेरोइन जैसे नशीले पदार्थों की आपूर्ति शामिल थी।