Delhi में 30 टन ‘फाइटर ड्रग’ जब्त, Kochi से 2 समेत 3 लोग गिरफ्तार; कीमत 1000 करोड़ से ज्यादा
Delhi: सेंट्रल ब्यूरो ऑफ नार्कोटिक्स (CBN) ने एक बड़े ऑपरेशन में दिल्ली के एक गोदाम से करीब 30 टन ‘फाइटर ड्रग’ जब्त की है। इस पूरे मामले में बेंगलुरु और कोच्चि से तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। जब्त की गई
Delhi: सेंट्रल ब्यूरो ऑफ नार्कोटिक्स (CBN) ने एक बड़े ऑपरेशन में दिल्ली के एक गोदाम से करीब 30 टन ‘फाइटर ड्रग’ जब्त की है। इस पूरे मामले में बेंगलुरु और कोच्चि से तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। जब्त की गई दवाओं की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत 1000 करोड़ रुपये से भी ज्यादा बताई जा रही है।
इस पूरे मिशन को ‘ऑपरेशन वज्र’ का नाम दिया गया था। CBN की ग्वालियर टीम ने 10 जुलाई से 20 जुलाई 2026 के बीच बेंगलुरु, दिल्ली और कोच्चि में छापेमारी की। जांच में पता चला कि यह खेप गिनी-बिसाऊ भेजी जानी थी, लेकिन असल में इसे गैरकानूनी तरीके से लीबिया भेजने की तैयारी थी। इस कार्रवाई में DRI बेंगलुरु, DRI कोच्चि और गिनी-बिसाऊ के अधिकारियों ने भी मदद की।
पकड़े गए लोगों में बेंगलुरु की एक LLP फर्म का डायरेक्टर और कोच्चि के एडपल्ली से दो मुख्य साजिशकर्ता उमेश कुमार और फिरदौस शामिल हैं। इन सभी के खिलाफ NDPS एक्ट 1985 के तहत मामला दर्ज किया गया है।
जब्त ड्रग्स की पूरी जानकारी
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| ड्रग का नाम | Tramadol Hydrochloride (फाइटर ड्रग) |
| कुल मात्रा | 12 करोड़ टैबलेट्स (30,000 किलो) |
| टैबलेट पावर | 250 mg |
| अनुमानित कीमत | 1000 करोड़ रुपये से अधिक |
| जब्ती का स्थान | दिल्ली का एक वेयरहाउस |
| गिरफ्तारी के स्थान | बेंगलुरु और कोच्चि |
CBN ने बताया कि Tramadol एक नियंत्रित पेनकिलर है, जिसका इस्तेमाल युद्ध क्षेत्रों में नशे के तौर पर किया जाता है, इसलिए इसे ‘फाइटर ड्रग’ कहते हैं। विभाग ने कहा कि वे देश को नशा मुक्त बनाने के सरकारी विजन के तहत ऐसे अंतरराष्ट्रीय ड्रग नेटवर्क को खत्म करने के लिए काम कर रहे हैं।